गुरुहरसहाय , अगस्त 16 -- शिरोमणि अकाली दल की वरिष्ठ नेता एवं बठिंडा सांसद हरसिमरत कौर बादल ने केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह को पत्र लिखकर शिअद अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल पर हुए दोनों हमलों की राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) से जांच कराने की मांग की है।

उन्होंने आरोप लगाया कि दोनों घटनाएं एक गहरी साजिश का हिस्सा हैं, जिसमें राजनेताओं और पुलिस अधिकारियों की मिलीभगत की भी जांच होनी चाहिए।

श्रीमती बादल ने रविवार को यहां शिअद के 'पंजाब बचाओ' अभियान के दूसरे चरण के तहत आयोजित विशाल जनसभा को संबोधित करते हुए श्री बादल की सर्जरी के बाद की तस्वीर और हमले में इस्तेमाल करीब डेढ़ फुट लंबी किरच भी दिखाई। उन्होंने दावा किया कि हमले में श्री बादल के हाथ पर दोनों तरफ और अंदर से मिलाकर 150 से अधिक टांके लगाये गये हैं। उन्होंने कहा कि नांदेड़ साहिब में हुआ हमला और चार दिसंबर 2024 को श्री दरबार साहिब में सुखबीर बादल पर हुआ हमला एक बड़ी साजिश का हिस्सा हैं, जिसका उद्देश्य सुखबीर बादल को निशाना बनाना और शिरोमणि अकाली दल को कमजोर करना है।

इसी कारण उन्होंने केंद्रीय गृह मंत्री से दोनों मामलों की एनआईए जांच की मांग की है।

श्रीमती बादल ने आरोप लगाया कि श्री दरबार साहिब में हमले के मामले में हमलावर को कथित तौर पर एक पुलिस अधीक्षक द्वारा मदद पहुंचाई गयी और गंभीर अपराध के बावजूद वह तीन महीने के भीतर जमानत पाने में सफल रहा। उन्होंने कहा कि इन परिस्थितियों की भी गहन जांच जरूरी है। नांदेड़ में हुए हमले का उल्लेख करते हुए उन्होंने कहा कि गुरुद्वारा माता साहिब देवा जी की सीढ़ियों से उतरते समय हमलावर ने निहंग सिंह का वेश धारण कर पहले श्री बादल के साथ चलने का नाटक किया और फिर उन पर हमला करने का प्रयास किया। उन्होंने कहा कि किसी धार्मिक स्थल पर इस तरह का कृत्य सच्चा सिख नहीं कर सकता और हमले के पीछे के लोगों तथा इसे प्रायोजित करने वालों का पता लगाया जाना चाहिए।

श्रीमती बादल ने कहा कि गुरु-दोखी और राष्ट्र-विरोधी ताकतें पंजाब में मुश्किल से हासिल हुई शांति को नष्ट करना चाहती हैं, लेकिन ऐसी विभाजनकारी ताकतें अकाली दल को डरा नहीं सकतीं। उन्होंने दावा किया कि श्री बादल अस्पताल से छुट्टी मिलने के बाद चढ़दी कला में हैं और पहले से अधिक मजबूत होकर सामने आएंगे। उन्होंने कहा कि अकाली दल की ताकत और आधार गुरु साहिब हैं और जितना अधिक विभाजनकारी ताकतें पार्टी को खत्म करने का प्रयास करेंगी, उतना ही अकाली दल मजबूत होकर उभरेगा।

जनसभा में उन्होंने पंजाबियों से पंजाब के हितों को सर्वोपरि रखने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि पंजाब का खजाना पंजाबियों की आकांक्षाओं को पूरा करने पर खर्च होना चाहिए। उन्होंने सरकारी नौकरियों में पंजाब के युवाओं को प्राथमिकता देने, राज्य में कथित गैंगस्टरवाद पर अंकुश लगाने तथा पंजाब के पानी और चंडीगढ़ से जुड़े अधिकारों की रक्षा करने की भी अपील की।

श्रीमती बादल ने लोगों से धर्म की आड़ में नफरत और समाज में विभाजन फैलाने वाली ताकतों से सावधान रहने को कहा। उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री प्रकाश सिंह बादल की नीतियों का उल्लेख करते हुए कहा कि शांति और सांप्रदायिक सद्भाव को राज्य की नीति का आधार बनाया जाना चाहिए।

इस अवसर पर पार्टी के हलका प्रभारी और वरिष्ठ नेता वरदेव सिंह मान ने आरोप लगाया कि पूर्व अकाली सरकार द्वारा नये सीवरेज सिस्टम के लिए निर्धारित 75 करोड़ रुपये बाद की कांग्रेस सरकार ने जारी नहीं किये, जिससे शहर की स्थिति खराब हुई। उन्होंने नया सीवरेज सिस्टम बनाने, सतलुज नदी के किनारे खेती करने वाले किसानों को मालिकाना हक वापस देने तथा हलके में गर्ल्स कॉलेज और अस्पताल स्थापित करने की मांग भी रखी।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित