मैनपुरी, मार्च 15 -- सीबीएसई बोर्ड के विद्यार्थियों की कापियों का मूल्यांकन अब ऑन स्क्रीन होगा, जिससे नम्बरों में गड़बड़ी की कोई गुंजाइश नहीं रहेगी। साथ ही दसवीं कक्षा की परीक्षा दो बार देने की व्यवस्था लागू कर बच्चों को बेहतर अंक प्राप्त करने का एक और मौका दिया है। सीबीएसई बोर्ड के क्षेत्रीय कॉर्डिनेटर डॉ राममोहन ने मैनपुरी में बताया कि बोर्ड ने इस वर्ष से क्लास 12 के विद्यार्थियों के बहुत बड़ा कदम उठाया है। देश मे पहली बार किसी भी बोर्ड की परीक्षाओं का मूल्यांकन ओएसएम पद्धति से होगा। इस पद्धति में बोर्ड विद्यार्थियों की परीक्षा कॉपी को स्कैन कर मूल्यांकन ऐप पर डाल देता है। स्कैन कर डाली गयी कॉपी पर गोपनीय रूप से डुप्लीकेट रोल नम्बर डाला जाता है,ताकि परीक्षक सहित किसी को भी विद्यार्थी की पहचान पता न हो सके। इस पद्धति की विशेषता यह है कि अगर परीक्षक भूल से किसी प्रश्न पर नम्बर देना भूल गया या गलत नम्बर दिए तो ऐप तत्काल एलर्ट देगा। एक पेज के समस्त प्रश्नों का मूल्यांकन पूरा नहीं हो जाता ,तब तक अगला पेज मूल्यांकन के लिए नहीं खुलेगा। जिस प्रश्न पर स्टेप वाई स्टेप नम्बर देने होंगे,तो परीक्षक को स्टेप के निर्धारित अंक देने होंगे।सभी प्रश्नों का जोड़ भी हर पेज के साथ -साथ होगा और कुल प्राप्तांक अंत मे कम्प्यूटर स्वतः जोड़ देगा।

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