सिवनी , अप्रैल 04 -- मध्यप्रदेश के सिवनी जिले की जिला पंचायत में फर्जी जाति प्रमाण पत्र के सहारे नौकरी करने के मामले में बड़ी कार्रवाई करते हुए परियोजना अर्थशास्त्री (संविदा) वंदना मुड़िया की सेवाएं 16 वर्षों बाद समाप्त कर दी गई हैं।

आधिकारिक जानकारी के अनुसार यह कार्रवाई जिला पंचायत की मुख्य कार्यपालन अधिकारी अंजली शाह द्वारा की गई है। मामले में संबंधित के खिलाफ डूंडासिवनी थाना में धोखाधड़ी का प्रकरण दर्ज कराने की प्रक्रिया भी शुरू कर दी गई है।

सूत्रों के अनुसार प्रारंभिक स्तर पर आवश्यक दस्तावेजों के अभाव में पुलिस ने आवेदन वापस कर पूर्ण दस्तावेज प्रस्तुत करने के निर्देश दिए हैं। यह मामला भोपाल स्थित लोकायुक्त कार्यालय में दर्ज शिकायत के बाद उजागर हुआ।

जांच में सामने आया कि संबंधित अधिकारी ने अपनी वास्तविक जाति छिपाकर अनुसूचित जनजाति वर्ग के तहत नौकरी प्राप्त की, जबकि दस्तावेजों में उनकी जाति "ढीमर" (ओबीसी) दर्ज पाई गई। जिला स्तरीय जांच में शिकायत सही पाए जाने के बाद सेवा समाप्ति की कार्रवाई की गई है तथा आगे आपराधिक कार्रवाई की प्रक्रिया जारी है।

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