अलवर , सितम्बर 10 -- राजस्थान में खाटू श्याम बाबा के भजनों से देशभर में पहचान बनाने वाले भजन सम्राट कन्हैया मित्तल ने कहा है कि सरकारें समाज को बांटने का काम न करें।
श्री मित्तल ने कहा कि सभी सरकारों से समाज को बांटने के बजाय समानता की दिशा में काम करना चाहिए क्योंकि सभी लोग एक ही बगीचे के फूल हैं।
अलवर में आयोजित खाटू श्याम जी की भजन संध्या में शामिल होने के लिये बुधवार रात अलवर पहुंचे श्री मित्तल ने पत्रकारों से कहा कि जब अच्छा बोला जाएगा तो विवाद होना निश्चित है। सच हमेशा कड़वा होता है। व्यक्ति को अपने कर्म सही रखने चाहिए।
उन्होंने कहा कि जब किसी व्यक्ति विशेष के बारे में बात की जाती है तो विवाद की स्थिति बन सकती है। यह कलियुग है, जहां झूठ बहुत तेजी से फैलता है, जबकि सच को सामने लाने के लिए काफी मेहनत करनी पड़ती है।
यूजीसी से जुड़े विवाद और कथित प्रावधानों पर सवाल पूछे जाने पर श्री मित्तल ने सभी सरकारों से समाज को बांटने के बजाय समानता की दिशा में काम करने का आग्रह करते हुए कहा कि अतीत में पिछड़े और अन्य पिछड़े वर्ग के लोगों के साथ अत्याचार हुआ है तो उसका मतलब यह नहीं कि अब किसी दूसरे समाज के साथ अन्याय हो। सरकारों को इसमें हस्तक्षेप करना चाहिए और कानून में आवश्यक संशोधन होना चाहिए।
उन्होंने कहा कि किसी सामान्य वर्ग के युवक पर कक्षा में कोई मिथ्या आरोप लगा दे तो वह जेल तक जा सकता है। ऐसे मामलों में जांच का प्रावधान होना चाहिए। सवर्ण समाज में जन्म लेना कोई गुनाह नहीं है।
श्री मित्तल ने मध्य प्रदेश के उज्जैन में हनुमान जी की मूर्ति वाले मंदिर के संदर्भ में कहा कि यह सनातन की शक्ति है कि जेसीबी से भी मूर्ति को नहीं हटाया जा सका। उन्होंने कहा कि इससे सनातन में कितनी शक्ति है और हनुमान जी में कितनी शक्ति है, यह बताने की जरूरत नहीं है।
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