पटना , सितंबर 10 -- बिहार के शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी ने कहा है कि राज्य के सभी सरकारी विद्यालयों की भूमि को चिह्नित कर उसका विस्तृत रिकॉर्ड तैयार किया जाएगा।
श्री तिवारी ने कहा कि इस कार्य के पूरा होने के बाद विद्यालयों की भूमि की सुरक्षा और बेहतर प्रबंधन के लिए प्रत्येक जिले में लैंड रजिस्टर जिला शिक्षा पदाधिकारी (डीईओ) के कार्यालय में उपलब्ध रहेगा।
शिक्षा मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए हैं कि जिले में स्थित सभी सरकारी विद्यालयों की भूमि का पूरा ब्योरा जुटाया जाए। इसमें विद्यालय का नाम, भूमि का क्षेत्रफल, खाता-खेसरा संख्या, उपलब्ध राजस्व अभिलेख तथा भूमि की वर्तमान स्थिति से संबंधित जानकारी दर्ज की जाएगी।
श्री तिवारी ने कहा कि सरकारी विद्यालयों की भूमि सार्वजनिक संपत्ति है और इसकी सुरक्षा की जिम्मेदारी शिक्षा विभाग की है। विद्यालय की जमीन पर किसी भी प्रकार का अतिक्रमण बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। जहां भी अतिक्रमण की जानकारी मिलेगी, वहां संबंधित विभागों और अधिकारियों के साथ समन्वय कर नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।
शिक्षा मंत्री ने अधिकारियों को विद्यालयों की भूमि से संबंधित अभिलेखों का मिलान कर उन्हें व्यवस्थित करने के निर्देश दिए, जिसके भविष्य में भूमि से संबंधित किसी प्रकार की समस्या उत्पन्न न हो। साथ ही, विद्यालयों की भूमि की स्थिति पर नियमित निगरानी रखने की व्यवस्था विकसित करने को भी कहा।
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