पटना , अगस्त 31 -- रकारी भूमि की पहचान, लंबित मापी, म्यूटेशन एवं अन्य राजस्व मामलों के निष्पादन में लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों पर अब विभाग सख्त कार्रवाई करेगा। राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री डॉ. दिलीप कुमार जायसवाल ने स्पष्ट कहा है कि सरकारी कार्यों में अनावश्यक देरी और खराब प्रदर्शन किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जाएगा।
मंत्री ने सोमवार को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से राज्य के सभी जिलों के अपर समाहर्ताओं, भूमि सुधार उप समाहर्ताओं एवं अंचल अधिकारियों के कार्यों की समीक्षा करते हुए कहा कि सरकारी भूमि की पहचान सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकताओं में है। इस कार्य में कोताही बरतने वाले अधिकारियों की जिम्मेदारी तय की जाएगी।उन्होंने पूर्णिया, बेगूसराय, वैशाली, सीतामढ़ी, भोजपुर, कैमूर, कटिहार, औरंगाबाद, सहरसा एवं भागलपुर जिलों को सरकारी भूमि की पहचान के कार्य में तत्काल तेजी लाने का निर्देश दिया।
मंत्री ने अधिकारियों को कहा कि जनता से जुड़े राजस्व मामलों को अनावश्यक रूप से लंबित रखना अब स्वीकार्य नहीं है। हर अधिकारी को निर्धारित समय-सीमा के भीतर परिणाम देना होगा। सिर्फ बैठक और समीक्षा से काम नहीं चलेगा, जमीनी स्तर पर प्रगति दिखनी चाहिए।
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