पटना , सितंबर 24 -- बिहार के सभी प्रारंभिक विद्यालयों में 26 सितंबर को अभिभावक-शिक्षक संगोष्ठी आयोजित की जाएगी।

कक्षा एक से आठवीं तक के विद्यार्थियों के अभिभावक इसमें शामिल होंगे। शिक्षा मंत्री मिथिलेश तिवारी की पहल पर इस बार संगोष्ठी की थीम 'निपुण पथ : पढ़ना, लिखना और गणना' रखी गई है।

संगोष्ठी में विद्यार्थियों की शैक्षणिक प्रगति के साथ उनके पढ़ने-लिखने और गणना कौशल की समीक्षा की जाएगी। शिक्षकों की ओर से अभिभावकों को बच्चों की पढ़ाई में प्रगति, उनकी जरूरतों और आगे की शैक्षणिक गतिविधियों की जानकारी दी जाएगी। साथ ही, बच्चों की शिक्षा में अभिभावकों की सक्रिय भागीदारी बढ़ाने पर जोर दिया जाएगा।

इस अवसर पर विद्यालय की गतिविधियों और बच्चों की शिक्षा में विशेष सहयोग करने वाले चुनिंदा अभिभावकों को 'पैरेंट्स ऑफ द मंथ' के रूप में सम्मानित किया जाएगा। बेहतर प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को भी 'स्टूडेंट ऑफ द मंथ' के रूप में सम्मानित किया जाएगा। इसके माध्यम से बच्चों और अभिभावकों को बेहतर प्रदर्शन के लिए प्रोत्साहित किया जाएगा।

प्राथमिक शिक्षा निदेशक कुमार निशांत विवेक ने बताया कि संगोष्ठी की तैयारियां अंतिम चरण में हैं। प्राथमिक शिक्षा निदेशालय की ओर से सभी जिला शिक्षा पदाधिकारियों और जिला कार्यक्रम पदाधिकारियों को आयोजन के संबंध में 10 दिन पहले ही पत्र भेज दिया गया था।

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