यमुनानगर , सितंबर 11 -- पांच दिवसीय कार्य सप्ताह की मांग को लेकर शुक्रवार को देश भर के बैंकों में हड़ताल जारी है। यमुनानगर-जगाधरी सहित देश के सभी बैंकों में कामकाज ठप है और करोड़ों रुपये का लेनदेन प्रभावित हो रहा है।
हड़ताली कर्मचारी बैंकों के बाहर धरना-प्रदर्शन कर केंद्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर रहे हैं। हड़ताल के चलते आम उपभोक्ताओं को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
बैंक कर्मचारी यूनियन नेता अनूप कुमार और विकास शर्मा का कहना है कि वे उपभोक्ताओं को परेशान नहीं करना चाहते लेकिन सरकार उनकी जायज मांग को लागू नहीं कर रही है। उन्होंने बताया कि मार्च 2024 में इंडियन बैंक्स एसोसिएशन (आईबीए) के साथ हुए समझौते में सप्ताह में पांच दिन काम की मंजूरी मिल चुकी है लेकिन वित्त मंत्रालय के वित्तीय सेवा विभाग (डीएफएस) द्वारा अभी तक इसकी अंतिम अधिसूचना जारी नहीं की गई है।
नेताओं का कहना है कि समझौते के अनुसार बैंक के मुनाफे में जाने पर सभी कर्मचारियों को पांच, 10 और 15 दिन के वेतन के बराबर बोनस दिया जाना था लेकिन सरकार ने नया फरमान जारी कर केवल स्केल-4 और उससे ऊपर के अधिकारियों को 365 दिन के वेतन के बराबर इंसेंटिव देने का निर्णय लिया है, जो सभी कर्मचारियों को मंजूर नहीं है।
वहीं उपभोक्ता दिव्या, पुरुषार्थ और नरेश उप्पल का कहना है कि कर्मचारियों की मांग जायज है और सरकार को इस पर विचार करना चाहिए लेकिन आम लोगों को हो रही दिक्कत का भी ध्यान रखा जाना चाहिए।
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