भीलवाड़ा , फरवरी 20 -- राजस्थान के राज्यपाल हरिभाऊ किसनराव बागडे ने सनातन संस्कृति को दुनिया की सबसे प्राचीन संस्कृति बताते हुए कहा है कि दुनिया में कोई ताकत नहीं है जो सनातन संस्कृति के प्रति श्रद्धा और भक्ति को मिटा सके।
श्री बागडे ने शुक्रवार को हरिशेवा उदासीन आश्रम सनातन मंदिर भीलवाड़ा के तत्वावधान में आठ दिवसीय सनातन मंगल महोत्सव एवं दीक्षा दान समारोह में शिरकत की और यह बात कही। उन्होंने इस महोत्सव को एतिहासिक आयोजन बताते हुए कहा कि सनातन संस्कृति दुनिया की सबसे प्राचीन और समावेशी सोच रखने वाली है। इस तरह के आयोजन सनातन संस्कृति को मजबूत बनाने वाले है। उन्होंने कहा कि दुनिया में कोई ताकत नहीं है जो सनातन संस्कृति के प्रति हमारी श्रद्धा और भक्ति को मिटा सके। इसी श्रद्धा के कारण ये संस्कृति सुरक्षित है। महाभारत और रामायण जैसे ग्रन्थ इसी सनातन संस्कृति के प्रतीक हैं।
राज्यपाल ने कहा कि आठवीं सदी से ही सनातन संस्कृति को नष्ट करने के कई प्रयास होते रहे लेकिन आक्रमणकारी कभी सफल नहीं हो पाए। हमारे साधु संतों के सनातन संस्कृति ओर धर्म को बचाने का कार्य करने से ये सदा सुरक्षित रही।
उन्होंने सनातन मंगल महोत्सव के तहत हो रहे विभिन्न धार्मिक अनुष्ठानों का अवलोकन किया।
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