बेंगलुरु , मार्च 10 -- कर्नाटक के पूर्व मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई ने कहा है कि पश्चिम एशिया में जारी तनाव के कारण वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति में आई बाधाएं अस्थायी हैं और अगले सप्ताह तक स्थिति सामान्य होने की उम्मीद है।
श्री बोम्मई ने मंगलवार को कहा कि हालिया संकट मुख्य रूप से पश्चिम एशिया में ईरान और अमेरिका के बीच बढ़े तनाव से जुड़ा है। उन्होंने कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के कार्यकाल से जुड़े घटनाक्रमों के बाद महत्वपूर्ण तेल परिवहन मार्ग होर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास तनाव बढ़ने से तेल आपूर्ति प्रभावित हुई। उन्होंने बताया कि होर्मुज़ जलडमरूमध्य मार्ग से तेल की आवाजाही में अस्थायी व्यवधान के कारण कच्चे तेल की कीमत करीब 85 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गई और आशंका जताई जा रही थी कि यदि स्थिति लंबी चली तो कीमतें और बढ़ सकती हैं।
श्री बोम्मई ने कहा, "पश्चिम एशिया की स्थिति और प्रमुख समुद्री मार्गों में अस्थायी बाधा के कारण वैश्विक स्तर पर ईंधन और एलपीजी आपूर्ति को लेकर चिंता बनी हुई है। हालांकि यह व्यवधान अस्थायी लगता है और अगले सप्ताह तक आपूर्ति और शिपिंग गतिविधियां सामान्य होने की उम्मीद है।"उन्होंने कहा कि इस संकट के कारण कई देशों ने अपनी ऊर्जा आपूर्ति व्यवस्था की समीक्षा शुरू कर दी है। उनके अनुसार अमेरिका ने आपूर्ति स्थिर रखने के लिए भारत जैसे देशों से सहयोग की भी मांग की है।
श्री बोम्मई ने बताया कि भारत अपनी ऊर्जा जरूरतों के अनुसार रूस से कच्चे तेल की खरीद जारी रखे हुए है, जिससे देश में पेट्रोलियम उत्पादों की उपलब्धता बनाए रखने में मदद मिल रही है।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित