बैतूल , अगस्त 2 -- विश्व स्तनपान सप्ताह-2026 के तहत महिला एवं बाल विकास विभाग तथा स्वास्थ्य विभाग के संयुक्त तत्वावधान में शनिवार को विनोबा वार्ड स्थित आंगनवाड़ी केंद्र में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया।

इस वर्ष की थीम "जीवन की स्थायी शुरुआत के लिए स्तनपान : कारगर व्यवस्था को सुदृढ़ बनाना" रही। कार्यक्रम का शुभारंभ दीप प्रज्ज्वलन के साथ हुआ।

कार्यक्रम में जिला स्वास्थ्य अधिकारी राजेश परिहार, शहरी प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र प्रभारी डॉ. रत्नेश खाड़े, बीपीएम प्रकाश माकोड़े, स्वास्थ्य पर्यवेक्षक कृष्णा पाटिल, महिला एवं बाल विकास विभाग के सहायक संचालक विवेक उइके, पर्यवेक्षक राखी ज्ञानचंदानी एवं रूपा मिश्रा, विनोबा वार्ड की पार्षद शीला महाले तथा लोहिया वार्ड की पार्षद सोमती धुर्वे सहित बड़ी संख्या में गर्भवती और धात्री माताएं उपस्थित रहीं।

बीपीएम प्रकाश माकोड़े ने कहा कि नवजात को जन्म के पहले घंटे के भीतर स्तनपान शुरू कराना और छह माह तक केवल मां का दूध देना शिशु के शारीरिक एवं मानसिक विकास के लिए अत्यंत आवश्यक है। इससे बच्चों की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ती है और संक्रमण का खतरा कम होता है।

जिला स्वास्थ्य अधिकारी राजेश परिहार ने स्तनपान से माताओं को होने वाले स्वास्थ्य लाभों की जानकारी दी। वहीं सहायक संचालक विवेक उइके ने गर्भावस्था के दौरान संतुलित आहार, नियमित स्वास्थ्य जांच और पोषण पर विशेष ध्यान देने की सलाह दी। सेक्टर पर्यवेक्षक राखी ज्ञानचंदानी ने स्तनपान के दौरान स्वच्छता बनाए रखने के महत्व पर प्रकाश डाला।

कार्यक्रम के समापन पर सभी माताओं को जन्म के तुरंत बाद शिशु को स्तनपान शुरू कराने तथा छह माह तक केवल स्तनपान कराने की शपथ दिलाई गई। अधिकारियों ने इसे स्वस्थ एवं कुपोषण मुक्त समाज की दिशा में महत्वपूर्ण कदम बताया।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित