होशियारपुर , अगस्त 29 -- पूर्व केंद्रीय मंत्री विजय कुमार सांपला ने शनिवार को कहा कि वह वर्ष 2015 के बेअदबी से जुड़े मामलों में पंजाब पुलिस की विशेष जांच टीम (एसआईटी) के समक्ष तीन सितंबर को पेश होंगे।
एसआईटी ने उन्हें पूछताछ के लिए दो सितंबर को चंडीगढ़ में पेश होने के निर्देश दिए थे लेकिन श्री सांपला ने जांच टीम को पत्र लिखकर दो सितंबर को पहले से निर्धारित कार्यक्रमों और बैठकों का हवाला देते हुए पेशी की तारीख तीन सितंबर करने का अनुरोध किया था।
उन्होंने कहा कि उन्होंने एसआईटी को आश्वासन दिया है कि वह तीन सितंबर को उसके समक्ष पेश होंगे और जांच में पूरा सहयोग करेंगे। उन्होंने पूछताछ से संबंधित दस्तावेज उपलब्ध कराने की अपनी मांग दोहराते हुए कहा कि बार-बार अनुरोध के बावजूद एसआईटी ने अभी तक उन्हें संबंधित दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराए हैं। उन्होंने कहा, ''जब मुझे यह तक पता नहीं है कि एसआईटी मुझे किस आधार पर बुला रही है, तो मैं किस आधार पर अपना पक्ष या बयान दर्ज कराऊंगा?''श्री सांपला ने कहा कि वह एसआईटी के साथ पूरा सहयोग करने के लिए तैयार हैं, लेकिन जांच टीम को भी आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध कराने चाहिए, ताकि जांच सही दिशा में आगे बढ़ सके। उन्होंने मांग की कि जिन दस्तावेजों और रिकॉर्ड के आधार पर उन्हें पूछताछ या बयान दर्ज कराने के लिए बुलाया गया है, उन्हें पेशी से पहले उपलब्ध कराया जाए। उन्होंने कहा कि उनका उद्देश्य जांच से बचना नहीं, बल्कि इसे सही दिशा में आगे बढ़ाना है। वह एसआईटी के साथ पूरा सहयोग करने के लिए तैयार हैं, लेकिन एसआईटी को भी उनके साथ सहयोग करना चाहिए।
श्री सांपला ने कहा कि यदि आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध नहीं कराए गए तो सरकार, एसआईटी और उनका समय व्यर्थ होगा तथा जांच से कोई ठोस परिणाम सामने नहीं आएगा।
एसआईटी फरीदकोट जिले के बाजाखाना थाने में वर्ष 2015 में दर्ज दो मामलों की जांच कर रही है। ये मामले बुर्ज जवाहर सिंह वाला स्थित गुरुद्वारा साहिब से श्री गुरु ग्रंथ साहिब की एक 'बीर' चोरी होने, हस्तलिखित बेअदबी वाले पोस्टर लगाए जाने और बाद में बरगाड़ी में पवित्र ग्रंथ की बेअदबी की घटनाओं से संबंधित हैं।
इन घटनाओं के बाद फरीदकोट में विरोध प्रदर्शन हुए थे। अक्टूबर 2015 में बेअदबी के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे लोगों पर पुलिस फायरिंग में बहिबल कलां में गुरजीत सिंह और कृष्ण भगवान सिंह की मौत हो गई थी, जबकि कोटकपूरा में कई अन्य लोग घायल हुए थे।
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