चेन्नई , सितंबर 27 -- तमिलनाडु में करूर भगदड़ की पहली बरसी पर उस घटना में मारे गए लोगों को श्रद्धांजलि देते हुए मोमबत्तियां जलाई गई और विशेष प्रार्थनाओं का आयोजन किया गया। इस भगदड़ में पिछले साल इसी दिन 41 लोगों की जान चली गई थी और कई लोग घायल हो गए थे।

टीवीके के संस्थापक और तमिलनाडु के मुख्यमंत्री विजय ने इस त्रासदी को एक ऐसा घाव बताया जो कभी नहीं भरेगा और जीवन भर उनके साथ रहेगा; उन्होंने पीड़ितों को भावभीनी श्रद्धांजलि दी।

करूर के वेलुसामीपुरम में दिल को छू लेने वाले और भावुक दृश्य देखने को मिले, जहां पीड़ितों के परिजन अपने प्रियजनों को खोने का शोक मना रहे थे। श्री विजय के जनसंपर्क कार्यक्रम के दौरान हुई इस घातक भगदड़ ने तब दुखद मोड़ ले लिया जब लोग एक-दूसरे से आगे निकलने और श्री विजय की एक झलक पाने के लिए उनकी ओर दौड़े।

बड़ी संख्या में टीवीके कार्यकर्ताओं , मंत्रियों, वरिष्ठ नेताओं, मंत्री एम.आर. विजयभास्कर, पार्टी पदाधिकारियों और काली साड़ी पहने महिलाओं ने पीड़ितों को श्रद्धांजलि दी। पीड़ितों के रोते-बिलखते परिवार के सदस्यों के अलावा, सैकड़ों आम लोगों ने भी मोमबत्तियां जलाकर और प्रार्थना करके श्रद्धांजलि दी। इसके लिए एक विशेष मंच बनाया गया था जहां पीड़ितों की तस्वीरें रखी गई थीं।

इस बीच, 27 सितंबर, 2025 की त्रासदी की पहली बरसी पर श्रद्धांजलि देते हुए श्री विजय ने कहा कि यह दिन उनके और करूर के लोगों के जीवन के सबसे दर्दनाक दिनों में से एक बना हुआ है।

उन्होंने सोशल मीडिया पोस्ट में कहा, "पिछले साल, इसी दिन - 27 सितंबर, 2025 को - एक दर्दनाक त्रासदी हुई थी। यह मेरे जीवन, हमारे करूर के भाइयों-बहनों के जीवन और हमारे तमिलनाडु परिवार के दिलों में एक ऐसा घाव और दर्द बनकर रह गई है जो कभी नहीं भरेगा।"उन्होंने कहा कि इस त्रासदी ने उन्हें, करूर के लोगों और टीवीके कार्यकर्ताओं को अपने प्रियजनों को खोने का ऐसा दुख दिया है जिसे शब्दों में बयां नहीं किया जा सकता।

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