नयी दिल्ली , मार्च 17 -- लोकसभा ने आठ सदस्यों का निलंबन वापस लेने के प्रस्ताव को मंगलवार को ध्वनिमत से पारित कर दिया, जिससे उनका निलंबन तत्काल प्रभाव से समाप्त हो गया।

संसदीय कार्य मंत्री किरेन रिजिजू ने कहा कि ध्यानाकर्षण सूचना 374 के खंड दो के तहत वह आठ सदस्यों के निलंबन को वापस लेने का प्रस्ताव रखते हैं। उन्होंने कहा कि निलंबित सदस्यों का निलंबन वापस लिया जाये। इसके बाद प्रस्ताव को सदन ने ध्वनिमत से पारित कर दिया।

इस पर अध्यक्ष ओम बिरला ने कहा कि प्रस्ताव ध्वनिमत से पारित हो गया है, अत: आठ सदस्यों का निलंबन तत्काल प्रभाव से समाप्त किया जाता है।

इससे पहले कांग्रेस के के. सुरेश ने कहा कि कांग्रेस के सात और मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के एक सदस्य का निलंबन दुखद है। कल श्री बिरला की अध्यक्षता में हुई बैठक मे इस पर व्यापक चर्चा की गयी। सत्ता और विपक्ष के नेताओं ने अपना-अपना पक्ष रखा। बैठक में सभी सदस्यों का मत था कि सदस्य सदन में ऐसा व्यवहार करें, जिससे एक आदर्श प्रस्तुत हो। कोई भी सदस्य मर्यादा न लांघे।

समाजवादी पार्टी के धर्मेन्द्र यादव ने कहा, "हम लोग मर्यादा का उल्लंघन नहीं करेंगे, सत्ता पक्ष भी इसी भावना का परिचय दे। तभी सदन सुचारु रूप से चल पायेगा। "राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार) की सुप्रिया सुले ने कहा कि नीतियों पर टीका-टिप्पणी की जानी चाहिए, लेकिन व्यक्तिगत तौर पर किसी के लिए कोई टिप्पणी नहीं की जाये। कोई सदस्य लक्ष्मण रेखा पार न करे। ऐसी भावना के साथ सत्ता पक्ष और विपक्ष के सदस्य अपना व्यवहार सदन में करेंगे, तो सदन अच्छे से चलेगा।

पंचायती राज मंत्री राजीव रंजन सिंह ने कहा कि श्रीमती सुले ने लक्ष्मण रेखा पार न करने की बात कही है। कल बैठक में भी इसी तरह की भावना व्यक्त की गयी थी। सदन में महासचिव और अधिकारियों की मेजों पर कोई नहीं चढ़ेगा। जिस तरह का व्यवहार पिछले दिनों हुआ, ऐसा नहीं होना चाहिए। ताली दोनों हाथों से बजती है। सत्ता पक्ष और विपक्ष दोनों सदन की गरिमा और मर्यादा का ध्यान रखेंगे, तो सदन की कार्यवाही अच्छे से संचालित की जा सकेगी।

श्री बिरला ने कहा कि सभी दलों के नेताओं के साथ बैठक में सदन को सुचारु रूप से चलाने देने में सहयोग देने के प्रति प्रतिबद्धता दर्शायी गयी थी। सदन की गौरवशली परम्परा का निर्वाह करने के लिए सभी का सहयोग महत्वपूर्ण है। सदन में और संसद परिसर में सदस्य तख्तियां, फर्जी फोटो, कृत्रिम बुद्धिमत्ता से निर्मित फोटो नहीं लायेंगे। वह पहले भी कहते रहे हैं और अब फिर कह रहे हैं कि इन बातों का सभी सदस्य विशेष ध्यान रखें।

गौरतलब है कि बजट सत्र के पहले चरण में राष्ट्रपति के अभिभाषण के दौरान विपक्ष के नेता राहुल गांधी के भाषण से पैदा हुई स्थिति के बाद भारी हंगामा करने और अध्यक्ष के आसन की ओर कागज फेंकने के आरोप में कांग्रेस के सात और मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के एक सदस्य को सत्र की शेष अवधि के लिए तीन फरवरी को निलंबित कर दिया गया था।

लोकसभा ने आज दिन सदस्यों का निलंबन वापस लिया है, उनमें हिबी ईडेन, अमरिंदर सिंह 'राजा वारिंग', मणिक्कम टैगोर, गुरजीत सिंह औजला, किरण कुमार रेड्डी, प्रशांत पाडोले, डीन कुरियाकोस और एस वेंकटेशन शामिल हैं।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित