हैदराबाद , मार्च 08 -- भारत राष्ट्र समिति (बीआरएस) के कार्यकारी अध्यक्ष के टी रामा राव ने युवा लड़कियों से आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनने की अपील की है।

श्री रामा राव कहा कि आर्थिक मजबूती ही महिलाओं के सम्मान और स्वाभिमान की बुनियाद है। रविवार को सेरिलिंगमपल्ली चुनाव क्षेत्र के चंदा नगर में आयोजित 'अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस' समारोह में उन्होंने कहा कि समाज में महिलाओं को पहचान तभी मिलती है, जब वे दूसरों पर निर्भर रहे बिना नौकरी या कारोबार के जरिये खुद सहारा बनने के काबिल होती हैं।

श्री रामा राव ने विधानसभाओं और राजनीति में महिलाओं की नुमाइंदगी बढ़ाने पर भी जोर दिया। आने वाले सालों में महिला आरक्षण लागू होने की संभावना के मद्देनजर उन्होंने शिक्षित और सामाजिक रूप से जागरूक महिलाओं से सार्वजनिक जीवन में सक्रिय रूप से हिस्सा लेने का आग्रह किया।

के. चंद्रशेखर राव के नेतृत्व वाली पिछली सरकार का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि स्थानीय निकायों में महिलाओं को 50 प्रतिशत आरक्षण दिया गया था। साथ ही महिलाओं की सुरक्षा और सशक्तीकरण के लिए 'केसीआर किट', 'कल्याण लक्ष्मी', 'शी टीम्स' और 'भरोसा केंद्र' जैसी कई कल्याणकारी योजनाएं शुरू की गयी थीं।

श्री रामा राव कहा कि राजनीति समेत कई क्षेत्रों में अब भी पुरुषों का दबदबा है और महिलाओं को पुरुषों के बराबर पहचान पाने के लिए अक्सर उनसे दोगुनी मेहनत करनी पड़ती है।

इस मौके पर समाज सेवा, कला, पत्रकारिता, स्वच्छता और जनसेवा सहित विभिन्न क्षेत्रों में प्रमुख काम करने वाली महिलाओं को पुरस्कार दिये गये।

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