पटना , सितंबर 01 -- बिहार की उद्योग मंत्री श्रेयसी सिंह ने मंगलवार कहा कि बिहार के मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी के मार्गदर्शन में एक तेज, पारदर्शी स्टार्टअप इकोसिस्टम के निर्माण की दिशा में महत्वपूर्ण कदम उठाते हुए, उद्योग विभाग ने जुलाई माह में प्राप्त 1,228 स्टार्टअप आवेदनों की संपूर्ण मूल्यांकन एवं चयन प्रक्रिया को रिकॉर्ड 31 दिनों में पूरा किया है।
सुश्री सिंह ने कहा कि बिहार में इतनी बड़ी संख्या में स्टार्टअप आवेदनों की संपूर्ण मूल्यांकन प्रक्रिया को मात्र 31 दिनों में पूरा करना एक महत्वपूर्ण उपलब्धि है और यह एक पारदर्शी, कुशल एवं त्वरित स्टार्टअप इकोसिस्टम बनाने के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
उद्योग मंत्री ने कहा कि स्टार्टअप बिहार के माध्यम से सरकार का उद्देश्य है कि प्रत्येक प्रतिभाशाली और संभावनाशील विचार को आगे बढ़ने, विस्तार करने और बिहार में रोजगार के अवसर सृजित करने का समान अवसर मिले। उन्होंने कहा कि कृत्रिम बुद्धिमता (एआई) बेस्ड आवेदन मूल्यांकन से लेकर विशेषज्ञों की ओर से आकलन, लिखित मूल्यांकन, व्यक्तिगत संवाद और अंतिम चयन प्रक्रिया तक प्रत्येक चरण को निर्धारित समयसीमा के भीतर पूरा किया गया।
सुश्री सिंह ने कहा कि इस प्रक्रिया की शुरुआत एक अगस्त को एआई आधारित मूल्यांकन से हुई थी। इसके बाद 3 अगस्त को स्टार्टअप सपोर्ट यूनिट (एसएसयू ) की ओर से मूल्यांकन तथा 6 अगस्त को विषय विशेषज्ञों की ओर से आकलन किया गया। लिखित मूल्यांकन परीक्षा 12, 13 और 14 अगस्त को आयोजित की गई, जिसके परिणाम 19 अगस्त को जारी किए गए। इसके बाद शॉर्टलिस्ट किए गए स्टार्टअप्स के लिए 27 और 31 अगस्त को व्यक्तिगत संवाद (पीआई) राउंड आयोजित किए गए। अंतिम परिणाम 31 अगस्त 2026 को घोषित किए गए।
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