कपूरथला , मार्च 09 -- राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के सदस्य प्रियांक कानूनगो ने सोमवार को जिला प्रशासनिक परिसर में एक बैठक की और मानवाधिकारों एवं कल्याण से संबंधित चल रही योजनाओं की जानकारी हासिल की।

श्री कानूनगो ने इस अवसर पर बोलते हुए कहा कि राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग हर वर्ग के मानवाधिकारों की रक्षा के लिए प्रतिबद्ध है और इसका मुख्य उद्देश्य आम व्यक्ति के मानवाधिकारों का किसी भी स्तर पर उल्लंघन न होने देना है। उन्होंने कहा कि आयोग समय-समय पर सरकारी विभागों और अस्पतालों की चेकिंग करता है ताकि कोई भी अपने अधिकारों से वंचित न रहे। हर विभाग द्वारा जनकल्याण की विभिन्न योजनाएं चलाई जा रही हैं, जिनका लाभ तभी मिल सकता है जब वे जमीनी स्तर पर जनता तक पहुंचें। इसलिए अधिकारियों को यह सुनिश्चित करना चाहिए कि उन्हें इन योजनाओं की पूरी जानकारी हो।

उन्होंने कहा कि संबंधित विभाग द्वारा सफाई कर्मचारियों के कल्याण के लिए भी बहुत से कार्य किए जाते हैं। आधुनिक समय में कचरा मशीनों और आधुनिक संसाधनों के माध्यम से इकट्ठा किया जाता है। इसीलिए हाथों से कूड़ा इकट्ठा करने पर पाबंदी लगाई गई है ताकि किसी कर्मचारी की सेहत को नुकसान न हो। आयोग समय-समय पर सफाई कर्मचारियों के अधिकारों के लिए कदम उठाता रहता है।

श्री कानूनगो ने यह भी कहा कि आजीविका मिशन के तहत महिलाओं के स्वयं सहायता समूह बनाए जाने चाहिए। इनमें जरूरतमंद और विधवा महिलाओं को शामिल किया जाए और उन्हें अन्य कार्यों के साथ-साथ 'फुलकारी' बनाने जैसे पारंपरिक काम दिए जाएं और उनकी बिक्री का उचित प्रबंध किया जाए।

बैठक के दौरान उन्होंने पीएम विश्वकर्मा योजना, नमस्ते स्कीम, मेंटल हेल्थ प्रोग्राम, प्राइमरी और हाई स्कूल शिक्षा प्री और पोस्ट मैट्रिक स्कॉलरशिप स्कीम, कचरा प्रबंधन और आयुष्मान योजनाओं की विस्तार से समीक्षा की और अधिकारियों को निर्देश दिए। इसके अतिरिक्त, उन्होंने शेखूपुर में नगर निगम द्वारा स्थापित कूड़ा डंप का दौरा भी किया और अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश जारी किए।

अतिरिक्त उपायुक्त नवनीत कौर बल ने जिले में चल रही योजनाओं की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने आश्वासन दिया कि आयोग द्वारा आज दिए गए सुझावों और निर्देशों पर जिला प्रशासन पूरी निष्ठा से काम करेगा।

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