रायसेन , जुलाई 10 -- मध्यप्रदेश के रायसेन शहर में भारतीय स्टेट बैंक (एसबीआई) के एक ग्राहक सेवा केंद्र (कियोस्क) में लाखों रुपये के कथित गबन का मामला सामने आया है। प्रारंभिक जांच में लगभग 35 से 40 लाख रुपये की वित्तीय अनियमितता की आशंका जताई गई है। आरोप है कि कियोस्क संचालक केंद्र पर ताला लगाकर फरार हो गया है।

प्राप्त जानकारी के अनुसार नगर पालिका भवन के सामने संचालित एसबीआई ग्राहक सेवा केंद्र के संचालक पर आरोप है कि उसने ग्राहकों के खातों से राशि निकाली, लेकिन संबंधित ग्राहकों को नकद भुगतान नहीं किया। शिकायतें मिलने के बाद बैंक प्रबंधन ने मामले की जांच शुरू कर दी है। अब तक 10 से अधिक शिकायतें प्राप्त हो चुकी हैं और संबंधित खातों के लेन-देन का मिलान किया जा रहा है।

कुछ पीड़ित ग्राहकों का आरोप है कि वे बैंक में अंगूठे का सत्यापन (थंब इम्प्रेशन) कराने जाते थे, जहां एक महिला कर्मचारी उनके अंगूठे का सत्यापन कराती थी। एक पीड़ित का दावा है कि उसे जो सावधि जमा (एफडी) प्रमाणपत्र मिला है, वह बैंक के अधिकृत प्रमाणपत्र पर जारी किया गया है, जिससे मामला और अधिक संदिग्ध प्रतीत हो रहा है। कुछ ग्राहकों ने उक्त महिला कर्मचारी की भूमिका की भी जांच कराने की मांग की है।

एसबीआई रायसेन की सर्विस मैनेजर अंकिता वालोस्कार ने ग्राहकों से अपील की है कि प्रत्येक लेन-देन के बाद डिजिटल रसीद अवश्य प्राप्त करें, मोबाइल पर प्राप्त एसएमएस की जांच करें तथा समय-समय पर अपनी पासबुक अपडेट कराते रहें। इस संबंध में कोतवाली नगर थाना प्रभारी निरीक्षक नरेंद्र गोयल ने बताया कि शिकायत प्राप्त हुई है। मामले का परीक्षण किया जा रहा है और जांच के आधार पर प्रकरण दर्ज किया जाएगा।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित