रायबरेली , जून 03 -- उत्तर प्रदेश में रायबरेली की जिलाधिकारी सरनीत कौर ब्रोका ने मछलियों के प्रजनन काल को देखते हुए जिले में मछली पकड़ने, बेचने तथा मछलियों के बच्चों (फ्राई एवं फिंगरलिंग) की निकासी पर निर्धारित अवधि के लिए प्रतिबंध लागू कर दिया है। यह आदेश उत्तर प्रदेश मत्स्य अधिनियम-1948 एवं मत्स्य (विकास एवं नियंत्रण) नियमावली-1954 के प्रावधानों के तहत जारी किया गया है।

जिलाधिकारी ने बुधवार को बताया कि 15 जून से 30 जुलाई तक मत्स्य प्रजनन अवधि के दौरान जिले के सभी जलाशयों, मीनाशयों और नदियों में शिकारमाही पूरी तरह प्रतिबंधित रहेगी। इसके अलावा 15 जुलाई से 30 सितम्बर तक फ्राई एवं फिंगरलिंग को पकड़ने, नष्ट करने, बेचने अथवा उनकी निकासी करने पर रोक रहेगी। इस अवधि में ऐसे किसी भी जाल या उपकरण का उपयोग भी प्रतिबंधित रहेगा, जिससे मत्स्य आखेट संभव हो।

उन्होंने बताया कि शासनादेश के अनुसार 01 जून से 31 अगस्त तक नदियों में मत्स्य आखेट पर भी पूर्ण प्रतिबंध रहेगा। यह कदम पारंपरिक मत्स्य पालक समुदायों के हितों की रक्षा तथा प्राकृतिक मत्स्य संपदा के संरक्षण के उद्देश्य से उठाया गया है।

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