जयपुर , जुलाई 05 -- राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने सहकारिता को ग्रामीण समृद्धि और रोजगार सृजन का प्रभावी माध्यम बताते हुए कहा है कि इससे किसानों, पशुपालकों, युवाओं और ग्रामीण परिवारों के लिए नये अवसर सृजित होते हैं तथा गांवों की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलती है। श्री शर्मा रविवार को मुख्यमंत्री निवास पर सहकारिता विभाग की आयोजित बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। उन्होंने कहा कि राजस्थान सहकारिता के क्षेत्र में अग्रणी राज्य के रूप में उभर रहा है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के 'सहकार से समृद्धि' के विजन को धरातल पर उतारते हुए राज्य सरकार सहकारी संस्थाओं को और अधिक मजबूत बनाने के लिए निरंतर कार्य कर रही है।
उन्होंने निर्देश दिये कि सहकारिता विभाग द्वारा निर्मित गोदामों का समुचित एवं अधिकतम उपयोग सुनिश्चित किया जाए। साथ ही, सहकारिता के दायरे को नयी गतिविधियों तक विस्तारित करते हुए नवाचारों को बढ़ावा दिया जाये। उन्होंने सहकारी मॉडल आधारित 'भारत टैक्सी' पहल को प्रदेश में बढ़ावा देने तथा प्रधानमंत्री भारतीय जन औषधि केंद्रों को प्रोत्साहित करने के भी निर्देश दिये।
उल्लेखनीय है कि केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह के मुख्य आतिथ्य में सोमवार को नयी दिल्ली स्थित भारत मंडपम में सहकारिता मंत्रालय का पांचवा स्थापना दिवस समारोह आयोजित होगा। इस समारोह में मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा भी शामिल होंगे।
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