डूंगरपुर , जनवरी 31 -- राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने प्रदेश में सुशासन एवं आमजन को राहत देने के प्रयासों के तहत संपर्क पोर्टल पर दर्ज शिकायत के मामले में हाथों-हाथ राहत देने के निर्देश के बाद जिला प्रशासन डूंगरपुर ने तत्परता दिखाते हुए मात्र दो घंटे में ही समस्या का निराकरण करके कर सुशासन की मिसाल पेश की है।

जिलाधिकारी अंकित कुमार सिंह ने शनिवार को बताया कि मुख्यमंत्री शर्मा ने शुक्रवार को डूंगरपुर के बोडीगाम छोटा निवासी जितेंद्र सिंह से संपर्क पोर्टल पर दर्ज प्रकरण के संबंध में बात की और उनके बच्चों के मूल निवास एवं जाति प्रमाण पत्र के लिए सात दिन पूर्व किए आवेदन के निस्तारण के निर्देश दिए। इसके बाद तत्काल कार्यवाही करते हुए मात्र दो घंटे में ही हाथों हाथ मूल निवास एवं जाति प्रमाण पत्र जारी कर परिवादी को राहत प्रदान की गई।

श्री सिंह ने बताया कि साबला तहसील के बोडीगाम छोटा निवासी जितेंद्र सिंह ने अपने दो बच्चों के मूल निवास एवं जाति प्रमाण पत्र बनवाने के आवेदन के संबंध में संपर्क पोर्टल पर गुरुवार को शिकायत डाली थी। उन्होंने बताया कि उन्हें शुक्रवार को अपराह्न तीन बजे मुख्यमंत्री कार्यालय से इसके बारे में सूचना प्राप्त होते ही केवल दो घंटे के भीतर ही मूल निवास प्रमाण पत्र एवं जाति प्रमाण पत्र जारी करवा दिए गए।

इसके बाद परिवादी जितेंद्र सिंह ने इस तत्काल प्रमाण पत्र बनवाने एवं राहत देने के लिए राज्य सरकार एवं जिला प्रशासन का आभार व्यक्त किया।

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