, Sept. 20 -- श्री कुशवाहा ने कहा कि बाढ़ प्रभावित क्षेत्रों में 1,600 से अधिक नावें संचालित की जा रही हैं। त्वरित राहत एवं बचाव कार्यों के लिए राज्य आपदा मोचन बल (एसडीआरएफ) की 27 और राष्ट्रीय आपदा मोचन बल (एनडीआरएफ) की 10 टीमें पूरी मुस्तैदी से तैनात हैं।जदयू प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने आठ लाख से अधिक बाढ़ प्रभावित परिवारों के खातों में प्रत्यक्ष लाभ अंतरण (डीबीटी) के माध्यम से सात हजार रुपये की सहायता राशि भेजी है। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य मंत्री निशांत के नेतृत्व में राहत शिविरों में चिकित्सा दल पूरी तत्परता से काम कर रहे हैं। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और जल संसाधन मंत्री विजय कुमार चौधरी लगातार बाढ़ की स्थिति पर नजर रख रहे हैं।
श्री कुशवाहा ने आरोप लगाया कि तेजस्वी यादव के माता-पिता के शासनकाल में बाढ़ पीड़ितों को भगवान भरोसे छोड़ दिया जाता था और आपदा राहत के नाम पर हुई कथित लूट-खसोट के मामले आज भी बिहार की जनता के बीच चर्चा में हैं। उन्होंने कहा कि उस दौर में बाढ़ राहत में अनियमितताओं की खबरें देशभर के समाचार पत्रों की सुर्खियां बनती थीं और बाढ़ पीड़ितों की सुध लेने वाला कोई नहीं था।
जदयू नेता ने तेजस्वी यादव से बेवजह बयानबाजी करने के बजाय अपने अतीत के आईने में झांकने की सलाह दी है।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित