रांची , अक्टूबर 23 -- झारखंड की राजधानी रांची में यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने और आमलोगों को ट्रैफिक नियमों के प्रति जागरूक करने के उद्देश्य से शुक्रवार को विशेष जागरूकता अभियान चलाया गया।

अभियान की शुरुआत कांटाटोली चौक से हुई। इसकी खास बात यह रही कि लोगों को ट्रैफिक नियमों की जानकारी देने के लिए आर्चरी से जुड़े मस्कट (शुभंकर) को शामिल किया गया। मस्कट ने अनोखे अंदाज में लोगों को सड़क सुरक्षा का संदेश दिया।

इस जागरूकता अभियान में रांची के ट्रैफिक एसपी राकेश सिंह अपनी टीम के साथ मौजूद रहे। पुलिस अधिकारियों ने खुद सड़क पर उतरकर वाहन चालकों और पैदल चलने वाले लोगों से संवाद किया। इस दौरान उन्हें यातायात नियमों का पालन करने और सुरक्षित ड्राइविंग के महत्व के बारे में बताया गया।

अभियान के दौरान आर्चरी मस्कट लोगों के आकर्षण का केंद्र बना रहा। मस्कट के माध्यम से यह संदेश दिया गया कि जिस प्रकार तीरंदाजी में सटीक निशाना लगाने के लिए अनुशासन, एकाग्रता और नियमों का पालन जरूरी है, उसी प्रकार सड़क पर सुरक्षित रहने के लिए यातायात नियमों का पालन करना भी अनिवार्य है। इस रचनात्मक पहल को राहगीरों और वाहन चालकों ने सराहा।

पुलिस अधिकारियों और ट्रैफिक टीम ने लोगों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करते हुए दोपहिया वाहन चलाते समय हेलमेट पहनने और चारपहिया वाहन में सीट बेल्ट का अनिवार्य रूप से इस्तेमाल करने की अपील की। साथ ही, ट्रैफिक सिग्नल की लाल बत्ती का पालन करने, जेब्रा क्रॉसिंग पर पैदल यात्रियों की सुरक्षा का ध्यान रखने और वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का इस्तेमाल नहीं करने की सलाह दी गई।

अधिकारियों ने वाहन चालकों से निर्धारित गति सीमा के भीतर ही गाड़ी चलाने और सड़क पर दूसरों की सुरक्षा का भी ध्यान रखने की अपील की। उन्होंने बताया कि यातायात नियमों का पालन करने से सड़क दुर्घटनाओं की आशंका कम की जा सकती है और लोगों की जान बचाई जा सकती है।

इस अभियान का उद्देश्य केवल नियमों का पालन कराना ही नहीं, बल्कि लोगों में सड़क सुरक्षा के प्रति जिम्मेदारी की भावना विकसित करना भी था। रचनात्मक तरीके से चलाए गए इस जागरूकता अभियान के माध्यम से पुलिस ने लोगों को सुरक्षित यातायात के प्रति सजग रहने का संदेश दिया।

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