तिरुवनंतपुरम , जुलाई 16 -- केरल के मंत्री रमेश चेन्निथला ने तमिलनाडु के मुख्यमंत्री विजय को प्रसिद्ध मलयालम उपन्यासकार तकषी शिवशंकर पिल्लई के उत्कृष्ट उपन्यास 'कयार' का तमिल अनुवाद भेंट किया।
श्री चेन्निथला ने चेन्नई में गुरुवार को 'कयार' को चुनने को बहुत ही खास और प्रतीकात्मक कारण बताए और कहा कि वे जिस अलाप्पुझा जिले का प्रतिनिधित्व करते हैं वह सदियों से कॉयर (नारियल उद्योग) से गहराई से जुड़ा रहा है। नारियल ने पीढ़ियों से इस जिले की अर्थव्यवस्था, संस्कृति और जीवनशैली को आकार दिया है, जिससे अलाप्पुझा की पहचान ही इस उद्योग से जुड़ गई है।
उन्होंने नारियल उद्योग विभाग के प्रभारी मंत्री और अलाप्पुझा के प्रतिनिधि के तौर पर कहा कि 'कयार' से बेहतर कोई तोहफा तमिलनाडु के मुख्यमंत्री को नहीं दिया जा सकता था। यह उपन्यास वहां की जमीन, वहां के लोगों और उनकी ऐतिहासिक यात्रा को बहुत ही जीवंत ढंग से पेश करता है। यह उपन्यास कई पीढ़ियों के जीवन के जरिए केरल के लगभग 250 वर्षों के इतिहास का बयान करता है। उल्लेखनीय है कि 'कयार' को मलयालम साहित्य की सबसे बड़ी उपलब्धियों में से एक माना जाता है और अक्सर इसे मलयालम उपन्यास की 'सबसे ऊंची चोटी' कहा जाता है।
केरल की आत्मकथा कहे जाने वाले 'कयार' में मलयाली लोगों के सामाजिक, सांस्कृतिक और पारिवारिक जीवन का गहरा चित्रण मिलता है। श्री चेन्निथला ने तमिल अनुवाद पढ़ने से श्री विजय को केरल के इतिहास, परंपराओं, सामाजिक ताने-बाने और स्थायी मानवीय मूल्यों की गहरी समझ मिलने की उम्मीद जताई।
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