चंडीगढ़ , अक्टूबर 26 -- पंजाब में उद्योगपतियों को मिल रही रंगदारी की धमकियों पर चिंता जताते हुए राष्ट्रीय व्यापारी कल्याण बोर्ड के अध्यक्ष सुनील जे. सिंघी ने कहा कि असुरक्षा के माहौल से निवेशकों का भरोसा प्रभावित हो रहा है।

उन्होंने कहा कि राज्य में औद्योगिक विकास के लिए कानून-व्यवस्था मजबूत करने और व्यापारियों की सुरक्षा सुनिश्चित करने की जरूरत है।

नाभा के रोटरी क्लब में पंजाब भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा के उपाध्यक्ष परमजीत सिंह कैंथ की ओर से सोमवार को आयोजित उद्योगपतियों और व्यापारियों की बैठक में श्री सिंघी ने कहा कि पंजाब की आर्थिक प्रगति के लिए नशे, भ्रष्टाचार और अपराध पर अंकुश लगाना जरूरी है। उन्होंने बताया कि इन समस्याओं के समाधान के लिए मुख्यमंत्री भगवंत मान को पत्र लिखकर ठोस कार्रवाई की मांग की जाएगी।

कंबाइन निर्माता एवं उद्योगपति चरण सिंह रहल ने कहा कि बढ़ते नियामकीय बोझ से घरेलू निर्माताओं की प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता प्रभावित हो रही है, जिसका आर्थिक भार अंततः किसानों पर भी पड़ सकता है। उन्होंने कहा कि इंजन और उत्सर्जन संबंधी नियमों के साथ भविष्य के टीआरईएम-4 मानकों को पूरा करने के लिए तकनीकी बदलाव, परीक्षण और प्रमाणन पर भारी निवेश करना पड़ता है। उन्होंने मांग की कि नियम भारतीय कृषि की वास्तविक जरूरतों के अनुरूप बनाए जाएं तथा घरेलू निर्माताओं को बदलाव लागू करने के लिए पर्याप्त समय और नीतिगत सहयोग दिया जाए।

श्री कैंथ ने कहा कि उद्योगों की समस्याओं की अनदेखी से पंजाब की अर्थव्यवस्था और युवाओं के रोजगार पर प्रतिकूल असर पड़ सकता है। उन्होंने नाभा के कंबाइन निर्माण, फर्नीचर, चावल मिलिंग और कलपुर्जा उद्योगों को मजबूत करने की जरूरत पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि औद्योगिक सुरक्षा, बुनियादी ढांचे में सुधार, नीतिगत अड़चनों का समाधान और रोजगार के अवसर बढ़ाना सरकार की प्राथमिकता होनी चाहिए।

बैठक में विशेष अतिथि भगवंत सिंह रामगढ़िया और उद्योगपति सिमरनजीत सिंह सोढ़ी ने भी सुरक्षित कारोबारी माहौल, पारदर्शी प्रशासन और निवेश-अनुकूल नीतियों की आवश्यकता पर जोर दिया। बैठक में शामिल उद्योग एवं व्यापार संगठनोंके प्रतिनिधियों ने औद्योगिक विकास, व्यापारियों की सुरक्षा और घरेलू विनिर्माण को बढ़ावा देने से जुड़े मुद्दे उठाए।

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