प्रयागराज , जुलाई 14 -- उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग (यूपीपीएसएससी) ने प्रतियोगी परीक्षाओं के लिए वन टाइम रजिस्ट्रेशन (ओटीआर) प्रणाली लागू कर दी है। यह व्यवस्था मंगलवार से प्रभावी हो गई है। आयोग ने स्पष्ट किया है कि भविष्य में आयोजित होने वाली सभी प्रारंभिक अर्हता परीक्षा (पीईटी) तथा उनसे संबंधित मुख्य परीक्षाओं में आवेदन के लिए ओटीआर अनिवार्य होगा। आयोग के अनुसार अभ्यर्थियों को केवल एक बार ओटीआर कराना होगा। ओटीआर संख्या जारी होने के बाद भविष्य की सभी भर्तियों में उसी संख्या का उपयोग किया जाएगा। आयोग ने स्पष्ट किया है कि ओटीआर की प्रक्रिया पूरी तरह निशुल्क होगी और इसके लिए किसी प्रकार का शुल्क नहीं लिया जाएगा।

आयोग ने बताया कि जिन अभ्यर्थियों ने पीईटी-2025 के लिए पहले से पंजीकरण कराया है, उन्हें अपनी पूर्व पंजीकरण संख्या के आधार पर ओटीआर कराना अनिवार्य होगा। ओटीआर के लिए अभ्यर्थियों को मोबाइल नंबर और ई-मेल आईडी दर्ज करनी होगी, जिनका सत्यापन ओटीपी के माध्यम से किया जाएगा। इसके साथ ही नाम, माता-पिता का नाम, जन्मतिथि, राज्य, गृह जनपद, हाईस्कूल की शैक्षिक योग्यता तथा स्थायी एवं पत्राचार का पता दर्ज करना होगा।

आयोग के अनुसार अभ्यर्थियों को छह माह के भीतर का रंगीन फोटोग्राफ अपलोड करना होगा, जिसका आकार 50 से 100 केबी तथा प्रारूप जेपीईजी/जेपीजी होना चाहिए। हस्ताक्षर हिंदी अथवा अंग्रेजी में किए जा सकते हैं, लेकिन अंग्रेजी के बड़े अक्षरों (कैपिटल लेटर्स) में हस्ताक्षर स्वीकार नहीं किए जाएंगे। हस्ताक्षर के नीचे अभ्यर्थी को अपना नाम हस्तलिखित रूप में हिंदी में अंकित करना अनिवार्य होगा। हस्ताक्षर फाइल का आकार 30 से 50 केबी के बीच होना चाहिए।

आयोग ने स्पष्ट किया है कि ओटीआर संख्या जनरेट होने के बाद दर्ज विवरण में किसी प्रकार का संशोधन नहीं किया जा सकेगा। इसलिए आवेदन अंतिम रूप से जमा करने से पहले सभी सूचनाओं का सावधानीपूर्वक सत्यापन करने की सलाह दी गई है।

आयोग के अनुसार प्रत्येक अभ्यर्थी के लिए केवल एक ही ओटीआर संख्या मान्य होगी। एक से अधिक ओटीआर पाए जाने पर संबंधित अभ्यर्थी का पंजीकरण निरस्त किया जा सकता है। साथ ही अभ्यर्थियों को अपने लॉगिन विवरण गोपनीय रखने की सलाह दी गई है। पंजीकरण संख्या के दुरुपयोग के लिए आयोग उत्तरदायी नहीं होगा।

आयोग के सचिव ने चेतावनी दी है कि गलत अथवा भ्रामक जानकारी दिए जाने पर आवेदन निरस्त कर दिया जाएगा। अभ्यर्थी केवल मूल अभिलेखों के आधार पर ही विवरण भरें। आयोग ने ओटीआर संबंधी विस्तृत दिशा-निर्देश अपनी आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध करा दिए हैं। किसी भी प्रकार की जानकारी या समस्या के लिए अभ्यर्थी आयोग की हेल्पलाइन अथवा आधिकारिक ई-मेल के माध्यम से संपर्क कर सकते हैं।

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