हुगली , अप्रैल 25 -- कांग्रेस के वरिष्ठ नेता राहुल गांधी ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर तीखा हमला करते हुए दोनों की सरकारों को भ्रष्टाचार में लिप्त बताया है और कहा है कि उन्हें सिर्फ सत्ता चाहिए और जनता की समस्याएं उनके एजेंडे में नहीं हैं।

यहां शनिवार को एक चुनावी सभा को संबोधित करते हुए श्री गांधी ने शारदा और रोज़ वैली जैसे चिटफंड घोटालों का जिक्र करते हुए आरोप लगाया कि इन मामलों में जनता के हजारों करोड़ रुपये लूटे गए। उन्होंने कहा कि तृणमूल नेता कोयला तस्करी, अवैध खनन और 'गुंडा टैक्स' की वसूली में लिप्त रहे हैं।

पश्चिम बंगाल की आर्थिक स्थिति पर चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि जो राज्य कभी देश का औद्योगिक केंद्र हुआ करता था, वह वामपंथी शासन और फिर तृणमूल की नीतियों के कारण पिछड़ गया है। पटसन मिलों के बंद होने और एंबेसडर कार कारखाने के खत्म होने को उन्होंने इसके उदाहरण के रूप में पेश किया।

श्री गांधी ने कहा, "ममता बनर्जी ने 2021 के घोषणापत्र में पांच लाख नौकरियों का वादा किया था, जो आज तक पूरा नहीं हुआ। आज लाखों युवा बेरोजगारी भत्ता मांग रहे हैं, जबकि नौकरियां केवल सत्ताधारी दल से जुड़े लोगों को दी जा रही हैं।"केंद्र सरकार पर हमला बोलते हुए उन्होंने कहा कि नोटबंदी और 'गलत जीएसटी' ने देश के छोटे व मध्यम उद्योगों की कमर तोड़ दी है। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि भाजपा और तृणमूल के बीच कोई वास्तविक राजनीतिक लड़ाई नहीं है। अपने खिलाफ हुए मुकदमों और पूछताछ का हवाला देते हुए उन्होंने कहा, "मुझ पर कई मुकदमे हुए और केंद्रीय एजेंसियों ने लंबी पूछताछ की, लेकिन ममता बनर्जी के खिलाफ ऐसी कोई कार्रवाई नहीं होती।"महिलाओं की सुरक्षा का मुद्दा उठाते हुए श्री गांधी ने आरोप लगाया कि आरजी कर मेडिकल कॉलेज मामले में आरोपियों को संरक्षण दिया गया। उन्होंने कहा कि जिस तरह देश के अन्य हिस्सों में भाजपा कार्यकर्ता हिंसा करते हैं, उसी तरह बंगाल में तृणमूल के लोग विपक्षी कार्यकर्ताओं पर हमले कर रहे हैं। उन्होंने दावा किया कि तृणमूल की गलत नीतियों ने ही राज्य में भाजपा के लिए राजनीतिक जमीन तैयार की है।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित