अमृतसर , जनवरी 27 -- भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ नेता राजिंदर मोहन सिंह छीना ने मंगलवार को, भारत-पाकिस्तान सीमा पर पंजाब के कई जिलों में साल 1990 के दशक के दौरान स्थापित कंटीली तार के कारण हजारों एकड़ कृषि योग्य जमीन छिनने के कारण किसानों की लंबे समय से लटक रहे मसले को मोदी सरकार की ओर से हल करने के प्रशंसनीय फैसले का स्वागत किया है।
श्री छीना ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने कंटीली तार को अंतरराष्ट्रीय सरहद के निकट तबदील करके किसानों के हित में बड़ा फैसला लिया है। उन्होंने मोदी और शाह को छह दिसंबर 2025 को लिखे अपने पत्र संबंधी जानकारी पत्रकारों से सांझी करते हुए कहा कि केंद्र सरकार ने इस कंटीली तार को अंतरराष्ट्रीय सीमा के निकट दोबारा स्थापित करके हजारों एकड़ कृषि योग्य जमीन किसानों को बचा कर देने के लिए उचित फैसला लिया है। उन्होंने कहा कि किसानों के हितों की रक्षा करना सीमावर्ती सुरक्षा को मजबूत करने संबंधी उक्त् फैसले के लिए ठोस कदम उठाये हैं। उन्होंने कहा कि उक्त मुद्दा दशकों से हजारों किसानों के लिए कंटीली तार से बाहर जाकर खेती करने संबंधी समस्या का कारण बना हुआ था।
श्री छीना ने कहा कि वर्ष 1990 को सुरक्षा चुनौती के कारण भारतीय क्षेत्र में बनायी गयी बाड़ के फलस्वरूप खेती योग्य जमीन के बड़े हिस्से किसानों की पहुंच से बाहर थे। उन्होंने कहा कि इसके तहत किसानों को नियमित समय सीमा के तहत और सख्त सुरक्षा प्रोटोकाल में काम करने के लिए मजबूर रह कर रोजी रोटी कमाना बहुत मुश्किल लगता था। बाड़ की तबदीली के माध्यम से समस्या को हल करने के फैसले की प्रशंसा करते हुए उन्होंने कहा कि इससे बीएसएफ कंट्रोल बढ़ेगा। वहां यह न सिर्फ खेतीबाड़ी जमीन की उत्पादक प्रयोग को बहाल करेगा, बल्कि सीमा पार तस्करी और गैर कानूनी गतिविधियों को भी काफी हद तक रोकेगा। उन्होंने केंद्र सरकार को अपील करते हुए कहा कि बाड़ के नयी अंतरराष्ट्रीय सीमा के मध्य जमीन को सरकार की ओर से एकवायर करके बीएसएफ के सीधे नियंत्रण में रखा जाए। बीएसएफ जमीन का प्रयोग काश्त के लिए कर सकती है, जहां ट्यूबवेल उपलब्ध है, वहीं वह अपनी जरूरतों को पूरा करने के लिए सब्जियों की पैदावार कर सकते है। अतिरिक्त उत्पाद खुले बाजार में भी बेचे जा सकते है।
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