मुरैना , अप्रैल 9 -- मध्यप्रदेश के मुरैना जिले में जिला दण्डाधिकारी ने सार्वजनिक स्थलों पर नई प्रतिमाओं की स्थापना के संबंध में प्रतिबंधात्मक आदेश जारी किया है। आधिकारिक जानकारी के अनुसार पुलिस अधीक्षक के प्रतिवेदन के आधार पर जिला दण्डाधिकारी लोकेश कुमार जांगिड़ ने भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता, 2023 की धारा 163 के अंतर्गत यह आदेश जारी किया है।
जिला दण्डाधिकारी ने बताया कि जिले में विभिन्न जातीय समूहों के कारण समय-समय पर आपसी तनाव की स्थिति बनती रही है। सार्वजनिक स्थलों पर बिना अनुमति प्रतिमाएं स्थापित करने से कई बार कानून-व्यवस्था की गंभीर स्थिति उत्पन्न हुई है, जिससे सामाजिक सौहार्द प्रभावित होने की आशंका रहती है।
उन्होंने उच्चतम न्यायालय के 18 जनवरी 2013 के आदेश का हवाला देते हुए कहा कि सार्वजनिक स्थल, सड़क, पार्क या अन्य शासकीय भूमि पर बिना विधिवत अनुमति किसी भी प्रकार की प्रतिमा या ढांचा स्थापित नहीं किया जा सकता। पूर्व में इस प्रकार के मामलों में विवाद, धरना-प्रदर्शन और यातायात बाधित होने जैसी घटनाएं सामने आ चुकी हैं। विशेषकर संवेदनशील क्षेत्रों में ऐसी गतिविधियों से सार्वजनिक व्यवस्था प्रभावित होने की आशंका बनी रहती है।
जारी आदेश के अनुसार अब जिले की संपूर्ण राजस्व सीमा में कोई भी व्यक्ति, संस्था या संगठन बिना सक्षम प्राधिकारी की पूर्व अनुमति के किसी भी सार्वजनिक स्थल, सड़क, चौराहा, पार्क या शासकीय भूमि पर प्रतिमा, मूर्ति या नाम पट्टिका स्थापित नहीं कर सकेगा।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यदि कोई व्यक्ति या संस्था प्रतिमा स्थापित करना चाहती है, तो उसे नियमानुसार पूर्व अनुमति लेना अनिवार्य होगा। आदेश का उल्लंघन करने पर भारतीय न्याय संहिता की धारा 223 सहित अन्य प्रासंगिक धाराओं के तहत कार्रवाई की जाएगी। जनसुरक्षा, सामाजिक और धार्मिक सद्भाव बनाए रखने के उद्देश्य से यह आदेश तत्काल प्रभाव से लागू कर दिया गया है।
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