मुरादाबाद , अक्टूबर 19 -- उत्तर प्रदेश में एक जनवरी 2027 की अर्हता तिथि के आधार पर विधानसभा क्षेत्रों की मतदाता सूची का विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण कराया जाएगा। इसके तहत 12 नवंबर को मसौदा मतदाता सूची प्रकाशित होगी। लोग 11 दिसंबर तक नाम जुड़वाने, संशोधन कराने या नाम हटवाने के लिए दावे और आपत्तियां दर्ज करा सकेंगे। अंतिम सूची 4 जनवरी 2027 को प्रकाशित होगी। अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) एवं उपजिला निर्वाचन अधिकारी प्रफुल्ल कुमार त्रिपाठी ने सोमवार को बताया कि पुनरीक्षण का उद्देश्य सभी पात्र नागरिकों के नाम सूची में शामिल करना और उसे त्रुटिरहित व अद्यतन बनाना है। कार्यक्रम के अनुसार मतदेय स्थलों का पुनर्गठन दो नवंबर तक पूरा किया जाएगा। इसके बाद 12 नवंबर को एकीकृत मसौदा सूची जारी होगी। प्राप्त दावों और आपत्तियों का निस्तारण 28 दिसंबर तक किया जाएगा।

नाम दर्ज कराने के लिए फॉर्म-6 भरना होगा। प्रवासी भारतीय मतदाता फॉर्म-6ए का उपयोग करेंगे। किसी नाम पर आपत्ति दर्ज कराने या नाम हटवाने के लिए फॉर्म-7 और निवास परिवर्तन, प्रविष्टियों में संशोधन, मतदाता पहचान पत्र बदलवाने तथा दिव्यांग मतदाता के रूप में चिह्नांकन के लिए फॉर्म-8 भरा जा सकता है। फॉर्म बूथ लेवल अधिकारी (बीएलओ) के पास ऑफलाइन जमा किए जा सकते हैं। ऑनलाइन आवेदन निर्वाचन आयोग के वोटर सर्विस पोर्टल और ईसीआईनेट ऐप के माध्यम से भी किया जा सकता है।

एक जनवरी 2027 तक 18 वर्ष की आयु पूरी करने वाले पात्र युवा भी सूची में नाम दर्ज कराने के लिए आवेदन कर सकते हैं। मतदेय स्थलों के पुनर्गठन में सामान्यतः प्रत्येक स्थल पर मतदाताओं की संख्या 1,200 तक सीमित रखने का लक्ष्य है। इस दौरान भौतिक सत्यापन, मतदाताओं की सुविधा और परिवार के सदस्यों के नाम एक ही अनुभाग में रखने पर ध्यान दिया जाएगा। मतदान केंद्र तक पहुंच में आने वाली परेशानी कम करने, स्थलों की सीमाओं की स्पष्टता और भवनों की उपयुक्तता भी सुनिश्चित की जाएगी।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित