मुरादाबाद , जून 12 -- मुरादाबाद जिले की दो विभूतियों को आगामी 23 जून को राष्ट्रपति भवन में आयोजित समारोह में प्रतिष्ठित पद्मश्री पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा। गृह मंत्रालय की ओर से जारी निमंत्रण के अनुसार हस्तशिल्प क्षेत्र में योगदान के लिए शिल्प गुरु चिरंजीलाल यादव तथा कृषि क्षेत्र में नवाचार के लिए दिवंगत प्रगतिशील किसान रघुपत सिंह को यह सम्मान प्रदान किया जाएगा। कटरा पूरनजाट निवासी चिरंजीलाल यादव पीतल पर नक्काशी की कला के लिए देश-विदेश में पहचान बना चुके हैं। सातवीं तक शिक्षा प्राप्त करने वाले चिरंजीलाल ने गुरु अमर सिंह से प्रशिक्षण प्राप्त कर मेहराव, पंचरंगा, अंगूरी और मरोड़ी वर्क जैसी पारंपरिक कला विधाओं में महारत हासिल की। उन्हें पूर्व में कई राज्य दक्षता पुरस्कार, नेशनल मेरिट अवार्ड (2008) और शिल्प गुरु अवार्ड (2019) से सम्मानित किया जा चुका है। उन्होंने जर्मनी, बांग्लादेश और मलेशिया में भी भारतीय शिल्पकला का प्रदर्शन किया है।
वहीं, बिलारी क्षेत्र के गांव समाधल निवासी दिवंगत रघुपत सिंह को कृषि क्षेत्र में उनके अभिनव योगदान के लिए मरणोपरांत पद्मश्री से सम्मानित किया जाएगा। उन्होंने विभिन्न बीजों के संरक्षण एवं संवर्धन के साथ लौकी समेत कई हरी सब्जियों की उन्नत प्रजातियों के विकास में महत्वपूर्ण कार्य किया था।
रघुपत सिंह का निधन एक जुलाई 2025 को बीमारी के चलते हो गया था। राष्ट्रपति भवन में आयोजित समारोह में उनकी ओर से यह सम्मान उनकी पत्नी प्रेमवती ग्रहण करेंगी। उनके पुत्र सुरेंद्रपाल सिंह ने कहा कि पद्मश्री सम्मान उनके पिता की आजीवन साधना और कृषि क्षेत्र में योगदान का उचित सम्मान है।
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