नई दिल्ली , अप्रैल 11 -- दिल्ली प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष देवेंद्र यादव ने शालीमार बाग गांव में प्रस्तावित बेदखली को लेकर चिंता जताते हुए शनिवार को कहा कि किसी भी परिवार को उचित आर्थिक मुआवजा या वैकल्पिक आवास दिए बिना हटाया नहीं जाना चाहिए।

श्री यादव ने कहा कि दिल्ली उच्च न्यायालय के निर्देश पर 30 मई 2026 तक 157 परिवारों के 143 घरों को हटाने की कार्रवाई उन लोगों के लिए बड़ा झटका है, जो पिछले 30 वर्षों से यहां रह रहे हैं और जिनके पास वैध दस्तावेज हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि पिछले एक वर्ष में रेखा गुप्ता सरकार ने जेजे क्लस्टर और अनधिकृत कॉलोनियों में रहने वाले लाखों लोगों को बिना मुआवजा और पुनर्वास के बेघर किया है। उन्होंने कहा कि शालीमार बाग के अधिकांश परिवार 35 वर्षों से अधिक समय से यहां रह रहे हैं और अपने मकानों में जीवनभर की कमाई लगा चुके हैं।

उन्होंने चेतावनी दी कि बिना पुनर्वास के मकानों को ध्वस्त करना गरीब परिवारों के जीवन को बर्बाद कर देगा। उन्होंने कहा कि प्रभावित लोगों की आजीविका, बच्चों की शिक्षा और बुनियादी सुविधाएं भी इससे प्रभावित होंगी। उन्होंने सरकार से मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए पुनर्वास सुनिश्चित करने की मांग की।

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