मुंगेर , जुलाई 25 -- ारत सरकार के राष्ट्रीय प्राकृतिक खेती मिशन के अंतर्गत मुंगेर जिला कृषि विज्ञान केंद्र परिसर में पहुंचने वाले किसानों को इन दिनों प्राकृतिक खेती प्रत्यक्षण इकाई में जैविक खाद और जैविक कीटनाशक दवाओं के उत्पादन की व्यावहारिक जानकारी दी जा रही है। मुंगेर कृषि विज्ञान केंद्र के वैज्ञानिक डॉक्टर विनोद कुमार ने बताया कि कृषि विज्ञान केंद्र पहुंचने वाले किसानों को इस प्रत्यक्षण इकाई में लाया जाता है और उन्हें जैविक खाद क्रमशः वीजामृत ,जीवामृत और घनजीवामृत तैयार करने की विधि बताई जाती है।साथ ही किसानों को जैविक कीटनाशक दवाएं क्रमशः दशपरणी अर्क, ब्रह्मास्त्र और अग्निशास्त्र उत्पादन की विधि बताई जाती है।उन्होंने कहा कि जैविक खाद और जैविक कीटनाशक दवाओं के उत्पादन में देसी गाय का मूत्र और मल-मूत्र का ही उपयोग किया जाता है।
डॉक्टर विनोद कुमार ने मुंगेर जिले के किसानों के खेतों की मिट्टी और मनुष्य के स्वास्थ्य की रक्षा के लिए जैविक खाद और जैविक कीटनाशक अपनाने की अपील की है।
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