चमोली, अगस्त, 20 -- उत्तराखंड में चमोली से पुलिस अधीक्षक (एसपी) सुरजीत सिंह पंवार ने गुरुवार को मीडिया के नशा मुक्त समाज के निर्माण में अहम भूमिका निभाने की गुजारिश की।
पत्र सूचना कार्यालय (पीआईबी) देहरादून, सूचना एवं प्रसारण मंत्रालय के तत्वावधान में गुरुवार को जिला पंचायत सभागार गोपेश्वर में क्षेत्रीय मीडिया कार्यशाला 'वार्तालाप' का आयोजन किया गया। कार्यशाला में केंद्र एवं राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं, विकासपरक पहलों और जनहितकारी कार्यक्रमों के प्रभावी प्रचार-प्रसार में मीडिया की भूमिका पर विस्तृत चर्चा की गई। कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष दौलत सिंह बिष्ट मुख्य अतिथि रहे, जबकि नगर पालिका अध्यक्ष संदीप रावत, जिलाधिकारी गौरव कुमार और पुलिस अधीक्षक सुरजीत सिंह पंवार विशिष्ट अतिथि के रूप में शामिल हुए।
कार्यशाला के विभिन्न सत्रों में आयुष्मान भारत, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन, जननी शिशु सुरक्षा कार्यक्रम, ई-20 हरित ईंधन पहल, प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना, राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन, प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना, नशा मुक्त भारत अभियान, जीआई टैगिंग और ओडीओपी जैसी योजनाओं की जानकारी मीडिया प्रतिनिधियों को दी गई।
इस मौके पर श्री पंवार ने कहा कि सरकार की योजनाओं और जनहित अभियानों को आम जनता तक पहुंचाना सभी की साझा जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि नशे के खिलाफ लड़ाई केवल पुलिस की नहीं, बल्कि पूरे समाज की लड़ाई है। युवाओं को नशे से दूर रखने और उन्हें सकारात्मक दिशा देने में परिवार, समाज, शैक्षणिक संस्थानों के साथ-साथ मीडिया की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है।
एसपी ने कहा कि मीडिया अपनी व्यापक पहुंच के जरिए नशे के दुष्प्रभावों, नशामुक्ति से जुड़ी सहायता और युवाओं के लिए उपलब्ध सकारात्मक अवसरों की जानकारी लोगों तक पहुंचाकर समाज में बड़ा बदलाव ला सकता है। सही समय पर दी गई सही जानकारी किसी युवा को गलत रास्ते पर जाने से रोक सकती है।
कार्यशाला में वक्ताओं ने कहा कि सरकारी योजनाओं का वास्तविक लाभ तभी लोगों तक पहुंचेगा, जब पात्र लाभार्थियों को समय पर सरल और प्रमाणिक जानकारी मिले। इस दिशा में मीडिया प्रशासन और जनता के बीच एक प्रभावी सेतु की भूमिका निभाता है।
कार्यक्रम में मुख्य विकास अधिकारी डॉ. अभिषेक त्रिपाठी, पीआईबी देहरादून के सहायक निदेशक संजीव सुन्द्रियाल, प्रेस क्लब चमोली के संरक्षक क्रांति भट्ट, विभिन्न विभागों के अधिकारी, विषय विशेषज्ञ और जिले के पत्रकार मौजूद रहे।
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