मैनपुरी , जुलाई 16 -- उत्तर प्रदेश सरकार के 'मिशन समाधान' अभियान के तहत मैनपुरी के जिलाधिकारी डॉ. इंद्रमणि त्रिपाठी ने गुरुवार को करहल, बरनाहल और कुरावली क्षेत्र के विभिन्न गांवों का स्थलीय निरीक्षण कर वर्षों से लंबित राजस्व एवं पट्टा भूमि विवादों का मौके पर ही निस्तारण कराया।
उन्होंने शिकायतें सुनने के साथ राजस्व अभिलेखों की जांच कराई और सही पाए गए मामलों में तत्काल कार्रवाई करते हुए अवैध कब्जे हटवाकर पात्र लोगों को उनकी भूमि का कब्जा दिलाया। करहल विकास खंड के ग्राम रावरी किरथुआ में वर्ष 1982 में आवंटित पट्टा भूमि पर 44 वर्षों से कब्जे के लिए संघर्ष कर रहे रनवीर सिंह को प्रशासन ने सीमांकन कराकर विधिवत कब्जा दिलाया। इस दौरान भूमि पर अवैध रूप से बोई गई धान की फसल भी हटवाई गई। इसी गांव के सूबेदार को भी लगभग 20 वर्ष पूर्व आवंटित पट्टा भूमि का सीमांकन कराकर कब्जा दिलाया गया।
जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि भविष्य में किसी भी पट्टाधारक के कब्जे में बाधा उत्पन्न करने वालों के विरुद्ध तत्काल प्राथमिकी दर्ज कर कठोर कार्रवाई की जाए। इसके बाद बरनाहल विकास खंड के ग्राम कनकपुर सादा में सार्वजनिक तालाब और चकमार्ग से अतिक्रमण हटवाया गया। जिलाधिकारी ने तालाब की खुदाई कर उसे मूल स्वरूप में विकसित करने तथा चकमार्ग को आवागमन योग्य बनाने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि ग्रामसभा, तालाब, चकमार्ग और अन्य सार्वजनिक भूमि पर किसी भी प्रकार का अवैध कब्जा बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
कुरावली तहसील के ग्राम मिड़ावली कलां में पट्टा भूमि पर किए जा रहे अस्थायी अवैध निर्माण को भी जिलाधिकारी की मौजूदगी में हटवा दिया गया। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच कराने के निर्देश देते हुए कहा कि आयुक्त न्यायालय में विचाराधीन वाद के अंतिम निर्णय तक दोनों पक्ष यथास्थिति बनाए रखें तथा कानून-व्यवस्था प्रभावित करने का कोई प्रयास न करें।
डॉ. त्रिपाठी ने कहा कि 'मिशन समाधान' के माध्यम से राजस्व विवादों का समयबद्ध निस्तारण, सरकारी एवं सार्वजनिक भूमि को अतिक्रमणमुक्त कराना तथा पात्र व्यक्तियों को उनके वैधानिक अधिकार दिलाना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि किसी भी स्तर पर दबंगई, अवैध कब्जा या कानून को हाथ में लेने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
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