देहरादून , अक्टूबर 25 -- उत्तराखंड प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष करन माहरा ने राज्य स्थापना रजत जयंती वर्ष के अवसर पर विधानसभा के विशेष सत्र की अवधि नौ दिन किए जाने की मांग की है।
विधानसभा सत्र तीन एवं चार नवंबर को देहरादून में होने जा रहा है।
श्री माहरा ने पार्टी प्रदेश मुख्यालय में पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि यह बड़े हर्ष की बात है कि राज्य गठन को 25 वर्ष पूरे होने जा रहे हैं। लेकिन सरकार ने तीन और चार नवंबर को दो दिन का विशेष सत्र आहूत करके मजाक किया है।
उन्होंने सरकार से सत्र की अवधि न्यूनतम नौ दिन रखने की मांग की है। उन्होंने कहा कि सरकार को कम से कम तीन नवंबर से नौ नवंबर राज्य स्थापना दिवस तक सत्र को जारी रखना चाहिए था। तब जाकर सत्र में जन सरोकारों से जुड़े मुद्दे उठते और लोग यह जान पाते कि उत्तराखंड में मानसून काल के दौरान आई आपदा की क्या स्थितियां रहीं, और वर्तमान में प्रदेश के क्या हालात हैं।
उन्होंने कहा कि सत्र की अवधि अगर बढ़ाई जाती तो सदन में प्रदेश की आर्थिक स्थिति पर भी चर्चा होती। बिगड़ती कानून व्यवस्था,भर्ती घोटाले, भ्रष्टाचार, खनन, बेरोजगारी समेत अन्य यक्ष प्रश्नों पर जनता से चुने गए प्रतिनिधि सरकार से चर्चा करना चाहते हैं।
उन्होंने कहा कि सरकार ने दो दिन का विशेष सत्र बुलाकर यह साबित कर दिया है कि वह जनता के प्रति जवाबदेही नहीं है। अगर विशेष सत्र की अवधि न्यूनतम नौ दिन कर दी जाती और सत्र को सरकार गैरसैंण मे आयोजित करा देती तो सही मायने में पर्वतीय राज्य की मूल भावना चरितार्थ होती।
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