पौड़ी , मई, 31 -- माता-पिता की डांट-फटकार से आहत होकर गुस्से में घर छोड़कर उत्तराखंड के कोटद्वार पहुंचे तीन नाबालिग बालकों को पुलिस ने रविवार को सकुशल उनके परिजनों से मिला दिया।

पुलिस की इस मानवीय पहल की क्षेत्र में सराहना की जा रही है। प्राप्त जानकारी के अनुसार शनिवार को कोटद्वार क्षेत्र के किशनपुरी-कलालघाटी इलाके में तीन नाबालिग बालक संदिग्ध परिस्थितियों में भटकते हुए दिखाई दिए। सूचना मिलने पर कलालघाटी चौकी पुलिस तत्काल मौके पर पहुंची और बच्चों को सुरक्षित चौकी ले आई। पुलिस टीम ने बच्चों से आत्मीयता के साथ बातचीत की तो पता चला कि वे देहरादून जनपद के डोईवाला क्षेत्र के निवासी हैं और माता-पिता की डांट से नाराज होकर घर छोड़कर कोटद्वार आ गये हैं।

मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने बिना समय गंवाए बच्चों के परिजनों की तलाश शुरू कर दी। सोशल मीडिया के माध्यम से बच्चों की जानकारी साझा की गई तथा डोईवाला पुलिस से समन्वय स्थापित कर आवश्यक सूचनाएं जुटाई गईं। पुलिस के लगातार प्रयासों के चलते जल्द ही बच्चों के परिजनों का पता चल गया।

इसके बाद परिजन कलालघाटी चौकी पहुंचे, जहां आवश्यक सत्यापन और औपचारिकताओं के उपरांत तीनों नाबालिगों को सकुशल उनके सुपुर्द कर दिया गया। परिजनों ने अपने बच्चों को सुरक्षित पाकर कोटद्वार पुलिस का आभार व्यक्त किया।

पुलिस अधिकारियों ने अभिभावकों से बच्चों के साथ संवाद बनाए रखने और उनकी भावनाओं को समझने की अपील की है,ताकि ऐसी परिस्थितियों से बचा जा सके।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित