मुंबई , जुलाई 28 -- बॉम्बे हाईकोर्ट ने इस साल गणेश उत्सव के दौरान प्लास्टर ऑफ पेरिस (पीओपी) की मूर्तियों के स्थान पर पर्यावरण-अनुकूल मिट्टी से बनी गणेश मूर्तियों की स्थापना करने की प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की हालिया अपील पर महाराष्ट्र सरकार से उसका रुख स्पष्ट करने का निर्देश दिया है।
प्रधानमंत्री के अपने 'मन की बात' कार्यक्रम के नवीनतम संस्करण में की गई अपील का हवाला देते हुए, न्यायमूर्ति अजय गडकरी और न्यायमूर्ति कमल खाता की पीठ ने मंगलवार को सवाल किया कि क्या राज्य सरकार प्रधानमंत्री की इस अपील को लागू करने का इरादा रखती है या इसे महत्वहीन मानती है।
न्यायालय ने कहा कि पीओपी मूर्तियों पर प्रतिबंध का मुद्दा जनहित का मामला है, न कि केवल निजी पक्षों का कोई विवाद। न्यायालय ने पूछा कि क्या पर्यावरण के अनुकूल उत्सवों को बढ़ावा देने वाली प्रधानमंत्री की अपील पर ध्यान देना राज्य सरकार का कर्तव्य नहीं है? सुनवाई के दौरान महाराष्ट्र सरकार ने पिछले साल की तरह इस साल भी छह फीट से अधिक ऊंची गणेश मूर्तियों को पानी की प्राकृतिक जगहों में विसर्जित करने की अनुमति देने का अपना अनुरोध दोहराया।
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