लखनऊ , मार्च 02 -- मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश में मत्स्य क्षेत्र तेजी से उभरता निवेश केंद्र बन रहा है। प्रदेश में 30 कंपनियों ने कुल 1407 करोड़ रुपये से अधिक निवेश का प्रस्ताव दिया है, जिससे दो हजार से अधिक युवाओं को प्रत्यक्ष रोजगार मिलने की संभावना है। मत्स्य विभाग ने इन प्रस्तावों को शीघ्र धरातल पर उतारने की प्रक्रिया प्रारंभ कर दी है।

हाल ही में आयोजित मीन महोत्सव (27-28 फरवरी) के दौरान लगभग 1200 करोड़ रुपये के निवेश प्रस्ताव प्राप्त हुए थे। जबकि 17-18 दिसंबर 2025 को आयोजित मत्स्य निवेश शिखर सम्मेलन में 207 करोड़ रुपये के प्रस्ताव मिले थे। इन पहलों के चलते उत्तर प्रदेश की कार्यप्रणाली अन्य राज्यों के लिए प्रेरक बन रही है।

अधिकारियों का कहना है कि औरो सुंदरम फूड्स एंड फीड्स प्राइवेट लिमिटेड ने वाराणसी में 300 करोड़ रुपये निवेश करने की घोषणा की है। इसके अतिरिक्त प्रोबस स्मार्ट थिंक्स प्राइवेट लिमिटेड, गोदरेज एग्रोवेट लिमिटेड तथा नेक्सजेन फीड्स प्राइवेट लिमिटेड ने 200-200 करोड़ रुपये निवेश की इच्छा जताई है।

वहीं दीपक नेक्सजेन फीड्स प्राइवेट लिमिटेड ने बाराबंकी में 100 करोड़ रुपये की लागत से फिश फीड प्लांट स्थापित करने का प्रस्ताव दिया है। इसके अलावा आंध्र प्रदेश की नेक्सजेन फीड्स प्राइवेट लिमिटेड प्रदेश में अत्याधुनिक फिश प्रोसेसिंग प्लांट स्थापित करेगी। कंपनी के निदेशक दीपक श्रीनिवास के अनुसार, 200 करोड़ रुपये की इस परियोजना से 150 से अधिक युवाओं को रोजगार मिलेगा और प्लांट वर्ष 2028 तक तैयार हो जाएगा।

इसी क्रम में बाराबंकी में प्रस्तावित फिश फीड प्लांट पर 100 करोड़ रुपये खर्च होंगे, जो 2027 तक पूर्ण होगा और लगभग 300 युवाओं को रोजगार देगा।

महानिदेशक मत्स्य धनलक्ष्मी के. ने बताया कि मीन महोत्सव में पहली बार देश-प्रदेश के 5000 से अधिक मत्स्य किसानों, उद्यमियों और वैज्ञानिकों को एक मंच पर लाया गया।

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