भरतपुर , सितम्बर 26 -- राजस्थान में सवाई माधोपुर के निमली खुर्द गांव के सीता माता मंदिर पर आयोजित तीन दिवसीय मेले के अंतिम दिन शनिवार को मंदिर के नजदीक एक भालू के आने से श्रद्धालुओं में हड़कंप मच गया।
वन विभाग के सूत्रों ने बताया कि श्रद्धालुओंं की सुरक्षा को देखते हुए मौके पर वनकर्मियों का दल मौके पर तैनात रहा और पूरे दिन भालू पर नजर रखी गयी।
मेले में तीनों दिन हजारों श्रद्धालुओं ने माता सीता के दरबार मे हाजरी लगाई और अपनी और अपने परिवार की खुशहाली की कामना की। मेले में पद दंगल कार्यक्रम में स्थानीय लोक कलाकारों सहित दूर दराज से आए कलाकारों ने एक से बढ़कर एक शानदार प्रस्तुतियां दीं।
धार्मिक मान्यता है कि सीता माता का मंदिर सदियों पुराना रामायण काल का है। जब माता सीता वनवास के समय यहां आयी थी। यहां वाल्मीकि जी का आश्रम था। यहां सीता माता ने अपना वनवास काटा था। वहीं कुछ लोग इस मंदिर को महाभारत काल का बताते हैं।
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