नयी दिल्ली , अगस्त 31 -- पर्यावरण और जलवायु परिवर्तन के क्षेत्र में द्विपक्षीय सहयोग मजबूत करने के लिए भारत-जर्मनी पर्यावरण मंच की चौथी बैठक मंगलवार को यहां होगी।
मंत्रालय ने सोमवार को बताया कि इस बैठक में कई सत्र होंगें जिनमें पर्यावरण संरक्षण और जलवायु नीति से जुड़े महत्वपूर्ण मुद्दों पर चर्चा की जाएगी। इसके साथ ही दोनों देशों के बीच व्यावहारिक सहयोग और अनुभवों के आदान-प्रदान को बढ़ावा दिये जाने पर भी विचार विमर्श किया जाएगा। पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्री भूपेंद्र यादव और जर्मनी के पर्यावरण, जलवायु संरक्षण, प्रकृति संरक्षण एवं परमाणु सुरक्षा मंत्री कार्स्टन श्नाइडर बैठक की सह-अध्यक्षता करेंगे।
भारत-जर्मनी पर्यावरण मंच पर्यावरण नीति के क्षेत्र में दोनों देशों के बीच सर्वोच्च स्तरीय द्विपक्षीय मंच है और इस तरह की बैठकें 2008 से आयोजित की जा रही हैं। इसका संयुक्त आयोजन भारत के पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन मंत्रालय और जर्मनी के संघीय पर्यावरण, जलवायु संरक्षण, प्रकृति संरक्षण एवं परमाणु सुरक्षा मंत्रालय द्वारा एशिया-प्रशांत जर्मन व्यवसाय समिति तथा भारतीय उद्योग संगठनों के सहयोग से किया जा रहा है।
पर्यावरण मंत्रियों की मौजूदगी में होने वाली यह बैठक विभिन्न सत्रों में आयोजित की जाएगी जिसमें कम कार्बन वाले उद्योग, आर्द्रभूमि, पर्वत और वनों में जैव विविधता, व्यावसायिक मॉडल के रूप में संसाधन दक्षता एवं चक्रीय अर्थव्यवस्था तथा सतत वित्त, हरित कौशल और निवेश जुटाने जैसे विषयों पर चर्चा होगी। इन बैठकों में विभिन्न मंत्रालयों, कारोबारी संगठनों, विशेषज्ञ समूहों और गैर-सरकारी संगठनों के प्रतिनिधि हिस्सा लेंगे।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित