रांची , मई 01 -- झारखंड की राजधानी रांची में सीपीआई कार्यालय में मजदूर दिवस के अवसर पर शहीद मजदूरों को श्रद्धांजलि दी गई और मजदूरों के अधिकारों की रक्षा का संकल्प लिया गया।

अल्बर्ट एक्का चौक स्थित सीपीआई राज्य कार्यालय में आज मजदूर दिवस पर विशेष कार्यक्रम आयोजित हुआ। पार्टी कार्यकर्ताओं और ट्रेड यूनियन नेताओं ने शिकागो के शहीद मजदूरों के साथ-साथ झारखंड आंदोलन और खदान हादसों में जान गंवाने वाले मजदूरों को श्रद्धासुमन अर्पित किए।

कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि आज भी मजदूर न्यूनतम मजदूरी, सामाजिक सुरक्षा और काम के घंटे को लेकर संघर्ष कर रहे हैं। नए श्रम कानूनों को मजदूर विरोधी बताते हुए वापस लेने की मांग उठाई गई।

1 मई 1886 को शिकागो में मजदूरों ने 8 घंटे काम की मांग पर शहादत दी थी। आज भी पूंजीवादी ताकतें मजदूरों का शोषण कर रही हैं।झारखंड में भी असंगठित क्षेत्र के मजदूर, मनरेगा मजदूर, खदान मजदूर बदहाल हैं। सीपीआई उनके हक की लड़ाई सड़क से सदन तक लड़ेगी।

इस मौके पर सीपीआई के नेताओं ने कहा कि राज्य में मजदूरों का पलायन, ठेका प्रथा और एसआईआर के नाम पर वोटर लिस्ट से नाम काटने की साजिश के खिलाफ मजदूरों को एकजुट होना होगा। कार्यक्रम के अंत में 'दुनिया के मजदूरों एक हो' और 'शहीद मजदूर अमर रहें' के नारे लगाए गए। शहर के अन्य संगठनों ने भी अलग-अलग जगहों पर सभा कर मजदूर दिवस मनाया।

मजदूर दिवस के अवसर पर श्रद्धांजलि सभा में भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी के राज्य सचिव महेंद्र पाठक जिला सचिव अजय कुमार सिंह किसान सभा के सचिव इस हाक अंसारी रामकिशोर उरांव इम्तियाज़ खान अली अंसारी संतोष रजक मनोज ठाकुर श्यामल चक्रवर्ती विजय जायसवाल विजय वर्मा कृष्णकांत वर्मा शहीत कई लोगों उपस्थित थे।

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