कोण्डागांव , मई 26 -- छत्तीसगढ़ के कोंडागांव जिले में भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा) की जिला परिषद कोण्डागांव ने मंगलवार को महंगाई, बेरोजगारी, डीजल-पेट्रोल की बढ़ती कीमतों और पंचायतों को विकास निधि उपलब्ध कराने सहित छह सूत्रीय मांगों को लेकर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु और राज्यपाल रमेन डेका के नाम संबोधित ज्ञापन अनुविभागीय दंडाधिकारी को सौंपा।

पार्टी नेताओं ने ज्ञापन में कहा कि जिले के किसान, मजदूर, बेरोजगार और पंचायत प्रतिनिधि लंबे समय से विभिन्न समस्याओं से जूझ रहे हैं। डीजल-पेट्रोल की लगातार बढ़ती कीमतों और ईंधन की कमी से खेती-किसानी प्रभावित हो रही है, जबकि शिक्षित बेरोजगार रोजगार के अभाव में आर्थिक और मानसिक परेशानी का सामना कर रहे हैं।

ज्ञापन में पंचायतों को विकास कार्यों के लिए आवश्यक राशि उपलब्ध कराने, बढ़ती महंगाई पर नियंत्रण करने और बस्तर संभाग की खनिज संपदा से प्राप्त राजस्व का उपयोग स्थानीय बेरोजगारों को रोजगार देने में करने की मांग की गई है।

भाकपा ने अपनी प्रमुख मांगों में डीजल-पेट्रोल और एलपीजी की कीमतों पर नियंत्रण, किसानों को कृषि कार्यों के लिए जरूरत अनुसार जरीकैन में ईंधन उपलब्ध कराने तथा पंचायतों को पर्याप्त विकास निधि देने की मांग शामिल की है।

पार्टी ने चेतावनी दी कि मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं होने की स्थिति में उग्र आंदोलन किया जाएगा, जिसकी जिम्मेदारी शासन-प्रशासन की होगी।

ज्ञापन सौंपने के दौरान पार्टी के बस्तर संभाग संयोजक एवं राज्य सचिव मंडल सदस्य तिलक पांडे, जिला सचिव शैलेष, सह सचिव दिनेश, जयप्रकाश, बिसम्बर, दुबेश, रामचंद, मानसिंग और सोमनाथ सहित अन्य कार्यकर्ता मौजूद रहे।

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