जयपुर , मई 19 -- राजस्थान के मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा का मानना है कि गांवों को साथ लेकर ही देश और प्रदेश को विकसित, सशक्त और आत्मनिर्भर बनाने का संकल्प पूरा किया जा सकता है।
श्री शर्मा ग्रामोदय से अंत्योदय की अवधारणा पर कार्य करते हुए मुख्यमंत्री ग्राम विकास चौपाल के जरिए स्वयं गांवों में जाकर ग्रामीणों से रूबरू हो रहे हैं। मुख्यमंत्री के निर्देश पर ग्रामीणों की परिवेदनाओं के निस्तारण के साथ ही मूलभूत सुविधाओं और विकास कार्यों के लिए हाथों-हाथ आदेश भी जारी हो रहे हैं।
आधिकारिक सूत्रों के अनुसार मुख्यमंत्री की ग्राम विकास चौपालें केवल ग्रामीणों से संवाद का ही नहीं समाधान का भी प्रभावी मंच साबित हो रही हैं। चाहे सीकर के जाजोद गांव में छात्राओं की मांग पर एक रात में विद्यालय में विज्ञान संकाय खोलना हो या अजमेर के कड़ेल गांव में प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र का सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में क्रमोन्नयन, मुख्यमंत्री ने संवेदनशीलता का उदाहरण पेश करते हुए तुरंत कार्य करवाए, जो ग्रामीणों के चेहरों पर मुस्कान की वजह बने।
ग्राम विकास चौपाल की कड़ी में मुख्यमंत्री का अगला पड़ाव अब बांसवाड़ा के कुशलगढ़ में चुुड़ादा गांव होगा। मुख्यमंत्री बुधवार को चुड़ादा पहुंचेंगे और ग्राम विकास चौपाल में ग्रामीणों के साथ संवाद के बाद रात्रि विश्राम भी यहीं करेंगे। इसके बाद गुरुवार को सुबह मुख्यमंत्री गांव का पैदल भ्रमण के दौरान घर-घर जाकर लोगों से संवाद करेंगे। वहीं, बांसवाड़ा कलक्ट्रेट में जिला स्तरीय अधिकारियों की बैठक लेकर मुख्यमंत्री सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं का फीडबैक भी लेंगे।
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