हमीरपुर , अप्रैल 17 -- उत्तर प्रदेश के बुंदेलखंड क्षेत्र में प्रथम एवं द्वितीय श्रेणी के जिलों के श्रमिकों के लिए न्यूनतम मजदूरी निर्धारित कर दी गई है। डिप्टी डायरेक्टर (कारखाना) सचिन यादव ने शुक्रवार को बताया कि यह व्यवस्था तत्काल प्रभाव से लागू मानी जाएगी।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में श्रमिकों के बीच बढ़ते असंतोष को देखते हुए राज्य सरकार ने विभिन्न श्रेणियों के मजदूरों के लिए मजदूरी तय की है। गौतमबुद्ध नगर, नोएडा और नगर निगम क्षेत्रों में कुशल, अर्धकुशल और अकुशल श्रमिकों की मजदूरी अन्य क्षेत्रों की तुलना में अधिक निर्धारित की गई है।
डिप्टी डायरेक्टर के अनुसार बुंदेलखंड सहित प्रथम व द्वितीय श्रेणी के जिलों में अकुशल श्रमिकों की मूल मजदूरी 11,629 रुपये तथा महंगाई भत्ता 727 रुपये निर्धारित किया गया है। इस प्रकार कुल मासिक मजदूरी 12,356 रुपये होगी। इसी प्रकार अर्धकुशल श्रमिकों की मूल मजदूरी 12,791 रुपये, महंगाई भत्ता 799 रुपये तथा कुल मजदूरी 13,590 रुपये तय की गई है। वहीं कुशल श्रमिकों की मूल मजदूरी 14,328 रुपये, महंगाई भत्ता 896 रुपये और कुल मासिक मजदूरी 15,224 रुपये निर्धारित की गई है।
उन्होंने कहा कि नई व्यवस्था लागू होने के बाद कोई भी प्रबंधन श्रमिकों का मनमाने तरीके से शोषण नहीं कर सकेगा। इस बीच जिले की औद्योगिक इकाई में शुक्रवार को एसडीएम सदर अभयराय और क्षेत्राधिकारी राजेश कमल ने हिंदुस्तान लीवर लिमिटेड फैक्ट्री पहुंचकर श्रमिकों की समस्याएं सुनीं और प्रबंधन से वार्ता की। बताया गया कि श्रमिकों ने गुरुवार को अपनी मांगों को लेकर कार्य बहिष्कार किया था, जिसके बाद वार्ता के जरिए मामला सुलझा लिया गया।
सचिन यादव ने कहा कि वह शीघ्र ही विभिन्न जिलों का दौरा करेंगे, ताकि श्रमिकों की समस्याएं सुनकर उनके समाधान के लिए शासन स्तर पर प्रयास किया जा सके।
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