भुवनेश्वर , अक्टूबर 05 -- विपक्षी बीजू जनता दल (बीजद) ने संशोधित फॉर्म छह को लेकर जारी विवाद के बीच सोमवार को मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार पर हमला तेज करते हुए उनके इस्तीफे की मांग की।
पार्टी नेताओं डॉ. लेखाश्री सामंतसिंहार और डॉ. लेनिन मोहंती ने यह मांग उच्चतम न्यायालय की उस टिप्पणी के बाद की जिसमें मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत की अध्यक्षता वाली पीठ ने सुनवाई के दौरान स्पष्ट किया कि "किसी भी संशोधित फॉर्म छह को हमने मंजूरी नहीं दी है।" पीठ ने यह भी कहा कि वह रिकॉर्ड देखकर यह पता लगाना चाहती है कि फॉर्म में बदलाव किसने किये।
यह टिप्पणी निर्वाचन आयोग के 26 सितंबर के उस बयान के बाद आयी, जिसमें आयोग ने कहा था कि विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के लिए फॉर्म छह के साथ जोड़ी गयी घोषणा को उच्चतम न्यायालय ने बरकरार रखा था।
बीजद नेताओं ने आरोप लगाया कि आयोग के पहले के दावे की नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए श्री कुमार को इस्तीफा देना चाहिए। उन्होंने यह भी आरोप लगाया कि 2024 के लोकसभा चुनाव के दौरान ओडिशा में किसी विशेष राजनीतिक दल को लाभ पहुंचाने के लिए इसी तरह की हेराफेरी, जिसमें संभावित ईवीएम से छेड़छाड़ भी शामिल है, हुई हो सकती है। हालांकि, इन आरोपों के समर्थन में कोई साक्ष्य पेश नहीं किया गया।
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