, Oct. 9 -- मुख्यमंत्री ने विद्यालयों की व्यवस्था को बेहतर बनाने के निर्देश देते हुए कहा कि विद्यालयों में रंग-रोगन, चहारदीवारी निर्माण तथा अन्य मरम्मती कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाए। विद्यालयों में बेहतर शौचालय, शुद्ध पेयजल, बिजली एवं अन्य आवश्यक सुविधाओं की उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि जहां आवश्यकता हो, वहां अतिरिक्त वर्ग-कक्षों का निर्माण कराया जाए। साथ ही, भवनविहीन विद्यालयों में विद्यालय भवन का निर्माण कराया जाए, जिससे विद्यार्थियों को बेहतर शैक्षणिक वातावरण मिल सके। उन्होंने आंगनबाड़ी केंद्रों के निर्माण कार्य में भी तेजी लाने के निर्देश दिये।मुख्यमंत्री ने कहा कि प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों, अनुमंडल स्वास्थ्य केंद्रों एवं जिला स्वास्थ्य केंद्रों में बेहतर व्यवस्था सुनिश्चित की जाए, जिससे इलाज के लिए आने वाले मरीजों को सभी आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध हों और उन्हें किसी प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े। उन्होंने स्वास्थ्य केंद्रों में स्वच्छता, आवश्यक सुविधाओं एवं मरीजों की सहूलियत पर विशेष ध्यान देने को कहा। मुख्यमंत्री ने बस अड्डों की साफ-सफाई और सौंदर्गीकरण पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में लोग बस अड्डों से आवागमन करते हैं। ऐसे में यात्रियों की सुरक्षा के साथ-साथ उनके लिए सभी आवश्यक सुविधाएं सुनिश्चित की जाएं।
मुख्यमंत्री श्री चौधरी ने शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में बंद पड़ी स्ट्रीट लाइटों को शीघ्र चालू कराने तथा आवश्यकता के अनुसार नई स्ट्रीट लाइटें लगवाने का निर्देश दिया। उन्होंने सार्वजनिक नलकूपों की समुचित मरम्मत कराने और उन्हें पूरी तरह क्रियाशील बनाए रखने को भी कहा, ताकि लोगों को इसका समुचित लाभ मिल सके।
समीक्षा बैठक में मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, विकास आयुक्त मिहिर कुमार सिंह, ग्रामीण विकास विभाग के अपर मुख्य सचिव एच.आर.श्रीनिवास, पिछड़ा वर्ग एवं अति पिछड़ा वर्ग कल्याण विभाग के अपर मुख्य सचिव के. सेंथिल कुमार, नगर विकास एवं आवास सह वित्त विभाग के प्रधान सचिव विनय कुमार, मुख्यमंत्री के सचिव लोकेश कुमार सिंह, ग्रामीण कार्य विभाग के सचिव अभय कुमार सिंह, स्वास्थ्य विभाग के सचिव कुमार रवि, मुख्यमंत्री के सचिव संजय कुमार सिंह, अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति कल्याण विभाग के सचिव संदीप कुमार आर. पुडकलकट्टी, पंचायती राज विभाग के सचिव मनोज कुमार, लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग के सचिव बी. कार्तिकेय धनजी, शिक्षा विभाग के सचिव राजीव रौशन सहित अन्य वरीय अधिकारी उपस्थित थे।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित