, May 21 -- मुख्यमंत्री श्री चौधरी ने स्पष्ट निर्देश देते हुए कहा कि कांवरियों को किसी प्रकार की परेशानी नहीं होनी चाहिए। पैदल मार्ग को व्यवस्थित एवं सुगम बनाया जाए, जबकि शौचालय, साफ-सफाई और पेयजल की पर्याप्त व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। उन्होंने कहा कि कांवरिया पथ के प्रमुख विश्राम स्थलों पर स्वास्थ्य सुविधाएं और आपातकालीन चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध की जाये,जिससे जरूरत पड़ने पर श्रद्धालुओं का त्वरित उपचार हो सके। श्री चौधरी ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि कहीं भी बिजली के नंगे तार नहीं रहें और निर्बाध विद्युत आपूर्ति सुनिश्चित की जाए। उन्होंने राज्य के विभिन्न शिवालयों में जलाभिषेक के दौरान भीड़ को नियंत्रित एवं व्यवस्थित रखने तथा श्रद्धालुओं की सुरक्षा के लिए विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश दिए।
बैठक में पर्यावरण, वन एवं जलवायु परिवर्तन विभाग के अपर मुख्य सचिव आनंद किशोर, आपदा प्रबंधन विभाग के प्रधान सचिव संतोष कुमार मल्ल, नगर विकास एवं आवास विभाग के प्रधान सचिव विनय कुमार, कृषि विभाग के प्रधान सचिव नर्मदेश्वर लाल, पर्यटन विभाग के सचिव लोकेश कुमार सिंह, पथ निर्माण विभाग के सचिव पंकज कुमार पाल, स्वास्थ्य विभाग के सचिव कुमार रवि, ऊर्जा विभाग के सचिव अजय यादव, खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग के सचिव दीपक आनंद, जल संसाधन तथा सूचना एवं जन-सम्पर्क विभाग के सचिव डॉ. चन्द्रशेखर सिह, डेयरी, मत्स्य एवं पशुपालन विभाग के सचिव शीर्षत कपिल अशोक, परिवहन विभाग के सचिव राजकुमार, लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग के सचिव राजेश कुमार ने अपने-अपने विभागों द्वारा श्रावणी मेला-2026 की तैयारियों के संबंध में प्रस्तुतीकरण के माध्यम से विस्तृत जानकारी दी। अपर पुलिस महानिदेशक लॉ एण्ड ऑर्डर सुधांशु कुमार ने विधि व्यवस्था और सुरक्षा की तैयारियों को लेकर बैठक में जानकारी दी।
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