, May 5 -- इससे पूर्व पथ निर्माण विभाग के सचिव ने अपने प्रस्तुतीकरण में परियोजना की व्यापक विशेषता, प्रस्तावित गंगा पथ एलाइनमेंट, जमीन अधिग्रहण की स्थिति, घाटों का पुनर्विकास, नए प्रस्तावित घाट आदि के संबंध में मुख्यमंत्री को अवगत कराया। श्री पंकज कुमार पाल ने बताया कि सफियाबाद (मुंगेर) से सुल्तानगंज (भागलपुर) तक प्रस्तावित गंगा पथ परियोजना की कुल लंबाई 42 किलोमीटर है, जबकि सुल्तानगंज-भागलपुर-सबौर गंगा पथ परियोजना की कुल लंबाई 41.33 किलोमीटर है।

मुख्यमंत्री श्री चौधरी ने अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि प्रस्तावित मुंगेर भागलपुर गंगा पथ परियोजना के भू-अर्जन इत्यादि के काम में तेजी लाकर शीघ्र इस परियोजना का कार्य शुरू कराएं। मुंगेर शहरवासियों को किसी प्रकार की कठिनाई न हो, इसको ध्यान में रखते हुए प्रस्तावित गंगा पथ परियोजना के एलाइनमेंट का कार्य सुनिश्चित कराएं। मुंगेर से बरियारपुर के बीच स्थल चिन्हित कर ऐसी योजना बनाएं जहां नया शहर बसाया जा सके। औद्योगिक क्षेत्र के लिए भी जमीन चिन्हित करें। मुंगेर एयरपोर्ट को भी विकसित करें। यहां ऐसी व्यवस्था सुनिश्चित कराएं कि रात्रि में भी आसानी से लैंडिंग हो सके। प्रस्तावित मुंगेर भागलपुर गंगा पथ परियोजना को यथासंभव एटग्रेड बनायें, जिससे शहर सुरक्षा बांध के रूप में भी काम करे। एलिवेटेड कम से कम रखें। इस प्रकार से एलाइनमेंट करें कि अधिक से अधिक पथों एवं पुलों की कनेक्टिविटी हो सके।

मुंगेर पहुंचने पर मुख्यमंत्री श्री चौधरी ने बिहार योग विद्यालय के पादुका दर्शन आश्रम परिसर में स्वामी निरंजनानंद सरस्वती से मुलाकात की। मुख्यमंत्री ने पादुका दर्शन आश्रम में भगवान तिरुपति बालाजी की उत्सव मूर्ति का दर्शन कर आरती में शामिल हुए। उन्होंने राज्य की सुख, शांति एवं समृद्धि की कामना की। पादुका दर्शन आश्रम के प्रबंधकों द्वारा मुख्यमंत्री को अंगवस्त्र एवं पुष्प गुच्छ भेंटकर उनका स्वागत किया गया।

इस अवसर पर उप मुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, विधायक कुमार प्रणय, विधायक नचिकेता, विधान पार्षद लाल मोहन गुप्ता, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, पथ निर्माण विभाग के सचिव पंकज कुमार पाल, मुख्यमंत्री के सचिव डॉ. चंद्रशेखर सिंह, मुंगेर प्रमंडल के आयुक्त प्रेम सिंह मीणा, मुंगेर प्रक्षेत्र के पुलिस उप महानिरीक्षक राकेश कुमार, जिलाधिकारी श्री निखिल धनराज निप्पनिकर, पुलिस अधीक्षक सैयद इमरान मसूद सहित अन्य जनप्रतिनिधि गण, गणमान्य व्यक्ति एवं वरीय अधिकारी उपस्थित थे।

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