, May 18 -- मंत्री ने 750 मीट्रिक टन क्षमता वाले बहुउद्देशीय शीत भंडारण परियोजनाओं के कार्य में तेजी लाने का भी निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि आधुनिक भंडारण व्यवस्था से किसानों को उनकी उपज का उचित मूल्य मिल सकेगा और नुकसान कम होगा। बैठक में राज्य में आधुनिक "सब्जी मॉल" विकसित करने के प्रस्ताव पर भी चर्चा हुई। मंत्री ने इसके लिए विस्तृत परियोजना प्रतिवेदन तैयार करने का निर्देश दिया।
इसके अतिरिक्त, किसानों को आधुनिक तकनीक एवं बाजार व्यवस्था से जोड़ने के लिए मास्टर ट्रेनरों के माध्यम से प्रशिक्षण कार्यक्रमों का विस्तार करने, तथा "फार्म टू डेस्क" मॉडल को डिजिटल प्लेटफॉर्म से जोड़ने के लिए एक समर्पित मोबाइल ऐप विकसित करने का निर्देश दिया गया।
मंत्री ने वेजफेड की योजनाओं के व्यापक प्रचार-प्रसार तथा सभी परियोजनाओं को निर्धारित समय सीमा में पूर्ण करने पर विशेष बल दिया। उन्होंने कहा कि विकसित भारत 2047 और सहकार से समृद्धि के लक्ष्य को प्राप्त करने में सहकारी संस्थाओं की भूमिका निर्णायक होगी, और बिहार इस दिशा में मजबूत आधार तैयार कर रहा है।
बैठक में सचिव धर्मेन्द्र सिंह, अपर सचिव अभय कुमार सिंह, प्रबंध निदेशक डॉ. गगन सहित विभाग एवं वेजफेड के वरिष्ठ पदाधिकारी उपस्थित रहे।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित